नई दिल्ली: अमेरिका और ईरान के बीच लंबे समय से जारी तनाव को कम करने के लिए जिस समझौते पर बातचीत चल रही है उसे लेकर अब अमेरिकी खुफिया एजेंसियों के भीतर सवाल उठने लगे हैं. CIA निदेशक जॉन रैटक्लिफ ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और शीर्ष अधिकारियों को ऐसी जानकारी दी है जिससे ईरान की वास्तविक मंशा पर संदेह पैदा हुआ है. अमेरिकी प्रशासन के भीतर भी इस मुद्दे पर अलग-अलग राय सामने आ रही हैं जिससे समझौते को लेकर बहस और तेज हो गई है.
अमेरिकी खुफिया एजेंसियों को मिली हालिया जानकारी के आधार पर CIA निदेशक जॉन रैटक्लिफ ने राष्ट्रपति ट्रंप को चेतावनी दी है कि ईरान की सार्वजनिक प्रतिबद्धताओं और उसकी वास्तविक योजनाओं में अंतर हो सकता है. रिपोर्ट के अनुसार ईरानी अधिकारी बातचीत के दौरान कुछ शर्तों पर सहमति जताते दिखाई दे रहे हैं लेकिन आंतरिक चर्चाओं में उनका रुख अलग बताया जा रहा है. यही कारण है कि अमेरिकी सुरक्षा तंत्र के कुछ वरिष्ठ अधिकारी इस समझौते को लेकर पूरी तरह आश्वस्त नहीं हैं. उनका मानना है कि किसी भी अंतिम निर्णय से पहले ईरान की गतिविधियों और उसके इरादों की गहन समीक्षा जरूरी है.
सूत्रों के अनुसार CIA प्रमुख के अलावा विदेश मंत्री मार्को रुबियो और रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने भी इस समझौते को लेकर सतर्कता बरतने की सलाह दी है. तीनों अधिकारियों ने राष्ट्रपति ट्रंप के साथ बंद कमरे में बैठक कर अपनी चिंताओं से अवगत कराया. उनका मानना है कि यदि समझौते की शर्तों का पूरी तरह पालन नहीं हुआ तो भविष्य में क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए नई चुनौतियां पैदा हो सकती हैं. अमेरिकी अधिकारियों को विशेष रूप से इस बात की चिंता है कि परमाणु कार्यक्रम से जुड़ी प्रतिबद्धताओं को ईरान किस स्तर तक लागू करेगा और उनकी निगरानी कैसे होगी.
ईरान के साथ संभावित समझौते को लेकर ट्रंप प्रशासन के भीतर भी एकमत स्थिति नहीं दिखाई दे रही है. जहां कुछ वरिष्ठ अधिकारी समझौते के प्रति संदेह जता रहे हैं वहीं उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और जारेड कुशनर जैसे नेता इस पहल का समर्थन करते बताए जा रहे हैं. व्हाइट हाउस का कहना है कि राष्ट्रपति ट्रंप किसी भी बड़े फैसले से पहले सभी पक्षों की राय सुनते हैं और व्यापक विचार-विमर्श के बाद ही निर्णय लेते हैं. प्रशासन का दावा है कि प्रस्तावित समझौते में ऐसे प्रावधान शामिल हैं जिनसे ईरान को भविष्य में परमाणु हथियार विकसित करने या उच्च स्तर का संवर्धित यूरेनियम रखने से रोका जा सकेगा.