बांग्लादेश में एक बार फिर पेड़ से लटका मिला हिंदू व्यक्ति का शव, मंदिर का देखभाल करता था पुजारी
पड़ोसी देश में एक बार फिर से एक अल्पसंख्यक समुदाय को निशाना बनाया गया. इस बार एक मंदिर के केयरटेकर का शव पेड़ से लटका मिला है.
पड़ोसी देश बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों का हाल दिन-प्रतिदिन और भी ज्यादा खराब हो रहा है. कुछ दिनों पहले मंदिरों पर अटैक भी हुए थे. अब सामने आ रहे एक नए मामले में दक्षिण-पूर्वी बांग्लादेश में एक हिंदू मंदिर के केयरटेकर का शव पेड़ से लटका मिला है.
हिंदू समुदाय के लोगों पर लगातार बढ़ते अत्याचार को लेकर अल्पसंख्यक संगठन ने जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है. उनका कहना है कि देश में एक के बाद हो रही एक घटनाओं से पता चलता है कि अब बांग्लादेश में अल्पसंख्यक सुरक्षित नहीं है.
क्या है पूरा मामला?
बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद ने मृतक के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि व्यक्ति का नाम नयन साधु था. जिसकी उम्र लगभग 40 थी और वह चट्टोग्राम जिले के का रहने वाला था. उन्होंने बताया कि नयन एक शिवकाली मंदिर में केयरटेकर यानी सह पुजारी के तौर पर सेवा दे रहा था.यहीं से दो अज्ञात लोग शाम के समय नयन साधु को अपने साथ ले गए.
इसके बाद वह कहां गए और क्या हुआ किसी को पता नहीं चला. इसके तीन दिन बाद गांव के बाहरी इलाके में एक पहाड़ी क्षेत्र में एक पेड़ से लटका हुआ उसका शव मिला. कालेर कंठ अखबार ने एक अज्ञात पुलिस अधिकारी के हवाले से बताया कि हमने शव तब बरामद किया जब वह सड़ना शुरू हो गया था. हालांकि अधिकारियों का कहना है कि अभी इस बात की पुष्टि नहीं हुई है कि यह हत्या या आत्महत्या का मामला है.
अल्पसंख्यक संगठन ने की सजा की मांग
अल्पसंख्यक संगठन ने उसकी हत्या के दोषियों के खिलाफ कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की मांग की. है मंच ने बयान में कहा कि एकता परिषद इस घटना की कड़ी निंदा करती है और दोषियों के खिलाफ सख्त एक्शन की मांग करती है. मिडिया से बात करते हुए संगठन के सदस्य ने कहा कि दूरदराज इलाके में एक छोटे से मंदिर में काम करने वाले केयरटेकर की हत्या के पीछे क्या मकसद हो सकता है.
पुलिस ने मामले पर एक्शन लेते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. पड़ोसी देश में अल्पसंख्यकों पर बढ़ रहे हिंसा के मामले को लेकर भारत में भी चिंता का माहौल है. इससे पहले भी दो अल्पसंख्यक लड़कियों का शव पेड़ से लटका मिला था.