अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर चीन को निशाने पर लिया है. फॉक्स न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने साफ कर दिया कि अगर चीन ने ईरान को कोई सैन्य सहायता दी, तो उसे भारी कीमत चुकानी पड़ेगी. ट्रंप ने चीन पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाने की चेतावनी दी है. ट्रंप ने कहा कि उन्हें रिपोर्ट्स मिली हैं कि चीन ईरान को कंधे से लगाकर मार करने वाली मिसाइलें दे रहा है, हालांकि उन्हें इस बात पर संदेह है.
फॉक्स न्यूज के कार्यक्रम ‘संडे मॉर्निंग फ्यूचर्स’ में होस्ट मारिया बारतीरोमो ने ट्रंप से पूछा कि क्या ईरान की मदद करने वाले देशों पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाने की चेतावनी चीन के लिए है. ट्रंप ने सीधे जवाब दिया, ‘हां, चीन और संभवतः अन्य देश भी. लेकिन विशेष रूप से हां, चीन इसमें शामिल है.’ ट्रंप ने कहा कि उन्होंने रिपोर्ट्स में सुना है कि चीन ईरान को कंधे से लगाकर मार करने वाली विमान भेदी मिसाइलें दे रहा है. हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि वह हमेशा रिपोर्ट्स पर भरोसा नहीं करते. ट्रंप ने कहा, ‘मुझे शक है कि वे ऐसा करेंगे क्योंकि मेरे उनके साथ संबंध हैं. मुझे नहीं लगता कि वे अब ऐसा करेंगे.’ लेकिन उन्होंने साफ कर दिया कि अगर अमेरिका ने ऐसा करते हुए पकड़ा, तो चीन पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाया जाएगा, जो एक बहुत बड़ी रकम है.
🇺🇸 "I hear news reports about China giving the shoulder missiles. I doubt they would do that because I have a relationship and I think they wouldn't do that, but maybe they did a little bit at the beginning, but I don't think they would anymore. But if we catch them doing that… pic.twitter.com/JC0D36fp9O
— Commentary: Trump Truth Social Posts On X (@TrumpTruthOnX) April 12, 2026
बातचीत के दौरान ट्रंप ने ईरान को लेकर भी बड़ा दावा किया. उन्होंने कहा कि उन्हें पूरा भरोसा है कि ईरान जल्द ही वापस बातचीत की मेज पर आएगा. ट्रंप ने कहा, ‘मैं भविष्यवाणी करता हूं कि वे वापस आएंगे और हमें वह सब कुछ देंगे जो हम चाहते हैं.’ उन्होंने यह भी कहा कि ईरान के पास अब कोई दांव नहीं बचा है. ट्रंप ने अपने उस बयान का भी बचाव किया, जिसमें उन्होंने कहा था कि ‘आज रात एक पूरी सभ्यता मर सकती है.’ ट्रंप के अनुसार, इसी कड़े रुख की वजह से ईरान बातचीत की मेज पर आया और अब तक वहां से गया नहीं है.
ट्रंप ने अमेरिकी सैन्य ताकत का भी दम भरा. उन्होंने कहा कि अमेरिका के पास ईरान के बुनियादी ढांचे को बहुत कम समय में नष्ट करने की क्षमता है. ट्रंप ने दावा किया, ‘मैं एक दिन में ईरान को खत्म कर सकता हूं. बल्कि एक घंटे में मैं उनकी पूरी ऊर्जा, हर चीज, हर बिजली संयंत्र को नष्ट कर सकता हूं.’ उन्होंने कहा कि वह ऐसा करना नहीं चाहते क्योंकि इसे दोबारा बनने में 10 साल लग जाते हैं और ईरान कभी ऐसा नहीं कर पाएगा. ट्रंप ने यह भी कहा कि वह सिर्फ दिखाने के लिए एक पुल को नष्ट कर चुके हैं. उनकी यह टिप्पणी काफी विवादों में रही है.
ट्रंप की इस चेतावनी से वैश्विक बाजारों में हड़कंप मच सकता है. चीन दुनिया की सबसे बड़ी निर्यातक अर्थव्यवस्थाओं में से एक है. अगर अमेरिका ने 50 प्रतिशत टैरिफ लगाया, तो चीनी उत्पाद अमेरिका में बेहद महंगे हो जाएंगे. इसका असर दुनिया भर की आपूर्ति श्रृंखलाओं पर पड़ेगा. विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप का यह बयान अमेरिका-चीन व्यापार युद्ध को और भी भयंकर बना सकता है. फिलहाल चीन की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है. देखना होगा कि आने वाले दिनों में यह तनाव किस दिशा में जाता है. पूरी दुनिया की निगाहें अब अमेरिका और चीन के अगले कदम पर टिकी हैं.