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India Daily

विद्रोही संगठन हूती को उखाड़ फेकेगा अमेरिका.... किया सबसे बड़ा हवाई हमला, बम बारूद से कांप उठी यमन की धरती!

America carried out the biggest air attack on Houthis militant: एक बार फिर से अमेरिका ने हूती संगठन पर नए सिरे से हमला करना शुरू कर दिया है. खबर है कि अमेरिका ने हूती संगठन के 30 ठिकानों पर जबरदस्त हवाई हमला किया है.

Gyanendra Tiwari
विद्रोही संगठन हूती को उखाड़ फेकेगा अमेरिका.... किया सबसे बड़ा हवाई हमला, बम बारूद से कांप उठी यमन की धरती!

हाइलाइट्स

  • अमेरिका ने हूती संगठन पर किया बड़ा हमला
  • हूती लाल सागर पर जहाजों को बना रहा निशाना

America carried out the biggest air attack on Houthis militant:  इजरायल और हमास युद्ध के चलते यमन के विद्रोही संगठन हूती ने लाल सागर पर मर्चेंट जहाजों को निशाना बना रहा है. इसके चलते वैश्विक व्यापार प्रभावित हो रहा है. हूती विद्रोही लाल सागर में लगातार  मर्चेंट शिप को निशाना बना रहे हैं. अमेरिका ने उन पर कार्रवाई भी की लेकिन फिर भी वो बाज नहीं आ रहे हैं. एक बार फिर से अमेरिका ने हूती संगठन पर नए सिरे से हमला करना शुरू कर दिया है. खबर है कि अमेरिका ने हूती संगठन के 30 ठिकानों पर जबरदस्त हवाई हमला किया है.


अमेरिकी सेना ने कहा कि यमन के हूती संगठन ने अमेरिकी स्वामित्व वाले जहाज पर ड्रोन अटैक किया था. लेकिन उनके इस हमले में किसी की मौत नहीं हुई और न ही कोई घायल हुआ है.



खबरों की मानें तो अमेरिका और ब्रिटेन के साथ कई अन्य देशों ने मिलकर एक साथ हूती विद्रोहियों के 30 से ज्यादा ठिकानों पर ताबड़तोड़ हमले किए हैं.  इस हमले में हूती संगठन को भारी नुकसान हुआ है.
 
यमन के अधिकांश क्षेत्रों पर हूतियों का कब्जा है.हूती संगठन, हमास के साथ खड़े हैं. वो फिलिस्तीनियों को एकजुट करने का काम कर रहा है. उसका कहना है कि इजरायल गलत कर रहा है. अमेरिका और ब्रिटिश हमलों को लेकर हूतियों का कहना है कि वो मुंहतोड़ जवाब दे रहे हैं साथ ही साथ वो अपने हमलों का विस्तार भी करेगा.

हूती संगठन को ईरान का साथ मिल रहा है. अमेरिका ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा है कि वह हूतियों को हथियार देना बंद करें.

हूतियों ने नवंबर महीने से ही लाल सागर और अदन की खाड़ी से होकर जाने वाली व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाना शुरू कर दिया था. हूतियों के हमले के चलते एशिया और यूरोप के बीच व्यापार में कमी आई है. व्यापार बहुत धीमा हो गया है.