गुजरात के खेड़ा जिले में नडियाद रेलवे स्टेशन पर हुई करीब 4 करोड़ रुपये के सोने की लूट का पुलिस ने कुछ ही घंटों में खुलासा कर दिया. अहमदाबाद ग्रामीण पुलिस और पश्चिमी रेलवे की GRP ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार आरोपियों के कब्जे से करीब 2.90 किलोग्राम सोना और कीमती धातु बरामद की गई है. पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल दो गाड़ियों को भी जब्त किया है.
जानकारी के मुताबिक एक ज्वैलर का कर्मचारी कोलकाता से सोना लेकर नडियाद रेलवे स्टेशन पहुंचा था. शनिवार शाम करीब 5 बजे आरोपियों ने कथित तौर पर कर्मचारी को निशाना बनाया और उसके पास मौजूद कीमती सामान लेकर फरार हो गए. वारदात के बाद पीड़ित ने हिम्मत दिखाई और आरोपियों का पीछा किया. इस दौरान वह उनकी गाड़ी की तस्वीर लेने में भी कामयाब रहा. यही तस्वीर आगे पुलिस के लिए आरोपियों तक पहुंचने में महत्वपूर्ण साबित हुई.
Kudos @GujaratPolice
— Nirnay Kapoor (@nirnaykapoor) October 4, 2026
देखिये कैसे नडियाद रेलवे स्टेशन पर शनिवार को हुई सोने की लूट के केस को
गुप्त सूचना, आपसी समन्वय , शौर्य. के दम पर अहमदाबाद ग्रामीण तथा खेड़ा पुलिस ने 100% माल की बरामदगी के साथ चारों आरोपियों को घंटों के भीतर गिरफ्तार कर लिया इस ऑपरेशन को सफल बनाने के लिए… https://t.co/ACKEzgoewI pic.twitter.com/uJvTimcH37
घटना की सूचना मिलने के बाद खेड़ा GRP ने रेलवे स्टेशन और आसपास लगे CCTV कैमरों की जांच शुरू की. फुटेज में संदिग्ध वाहन और उसमें सवार लोगों की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने राज्य कंट्रोल रूम को अलर्ट किया. शाम करीब 7:30 बजे अहमदाबाद ग्रामीण पुलिस को भी संदिग्ध वाहन के बारे में जानकारी मिल गई. पुलिस ने वाहन के रजिस्ट्रेशन और मोबाइल फोन से जुड़े SDR डेटा की मदद से आरोपियों के संभावित रास्ते का पता लगाना शुरू किया.
जांच में पुलिस को संकेत मिला कि आरोपी बनासकांठा की दिशा में भाग सकते हैं. स्थानीय मुखबिरों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने अहमदाबाद जिले में विरमगाम के आसपास संदिग्ध वाहन की तलाश शुरू की. पुलिस को एक संदिग्ध कार के पीछे बिना नंबर वाली एक गाड़ी भी दिखाई दी. इसके बाद लोकल क्राइम ब्रांच और विरमगाम टाउन पुलिस की टीमों ने रास्ते में नाकाबंदी कर दी.
नाकाबंदी के दौरान पुलिस ने एक संदिग्ध वाहन को रोकने की कोशिश की. पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने बचकर निकलने की कोशिश की और पुलिस की गाड़ी को टक्कर मार दी. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक संदिग्ध को मौके पर ही पकड़ लिया. पूछताछ में उसने कथित तौर पर बताया कि उसके तीन साथी सोना लेकर दूसरी गाड़ी में आगे निकल चुके हैं. इसके बाद पुलिस टीम ने दूसरी कार का पीछा शुरू किया.
विरमगाम के पास पुलिस ने दूसरी कार को रोकने की कोशिश की तो आरोपियों ने फिर भागने का प्रयास किया. इसी दौरान इंस्पेक्टर एसए गढ़वी ने असाधारण साहस दिखाते हुए चलती कार का दरवाजा पकड़ लिया. पुलिस के अनुसार अधिकारी करीब 500 मीटर तक घसीटे गए, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं छोड़ी. वह कार के अंदर पहुंचने में सफल रहे और हैंडब्रेक खींचकर वाहन को रोक दिया.
इसके बाद पुलिस के अन्य कर्मचारियों ने कार को अपने कब्जे में ले लिया और उसमें मौजूद संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया. एक अन्य आरोपी ने खेतों की ओर भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसे भी घेरकर पकड़ लिया.
पुलिस ने जब वाहन की तलाशी ली तो चोरी का पूरा सामान देखकर जांच टीम भी हैरान रह गई. अधिकारियों के अनुसार करीब 2.90 किलोग्राम सोना, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 4 करोड़ रुपये है, कार की सीट के कवर के अंदर छिपाया गया था. पुलिस ने लूट में इस्तेमाल दोनों वाहनों को भी जब्त कर लिया है. अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि इस वारदात में और कितने लोग शामिल थे और क्या आरोपियों का किसी बड़े गिरोह से संबंध है.
पुलिस की तेज कार्रवाई के चलते वारदात के कुछ ही घंटों के भीतर पूरा कीमती सामान बरामद कर लिया गया. इस कार्रवाई के लिए गुजरात के डिप्टी सीएम हर्ष संघवी ने अहमदाबाद ग्रामीण पुलिस और वेस्टर्न रेलवे GRP की टीमों की सराहना की है. फिलहाल चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनसे पूछताछ की जा रही है. पुलिस अब लूट की पूरी साजिश, आरोपियों की भूमिका और उनके नेटवर्क की जांच कर रही है.