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India Daily

पहली बार विश्व पुस्तक मेले में मिलेगी फ्री एंट्री, PM मोदी कर सकते हैं उद्घाटन; इस देश को 'गेस्ट ऑफ ऑनर' का दर्जा

9 दिवसीय मेगा इवेंट आगामी 10 जनवरी से भारत मंडपम में शुरू होगा. मेले की तैयारियां अब अंतिम चरण में हैं. इस बार विश्व पुस्तक मेले का आकार पहले से बड़ा रखा गया है.

Anuj
Edited By: Anuj
पहली बार विश्व पुस्तक मेले में मिलेगी फ्री एंट्री, PM मोदी कर सकते हैं उद्घाटन; इस देश को 'गेस्ट ऑफ ऑनर' का दर्जा

नई दिल्ली: इस बार आयोजित होने वाले विश्व पुस्तक मेले में पाठकों और किताब प्रेमियों के लिए एक बड़ी सुविधा दी गई है. भारतीय पुस्तक न्यास (NBT) और सह-आयोजक भारत व्यापार संवर्धन संगठन (ITPO) ने इस बार मेले में नि:शुल्क प्रवेश देने का निर्णय लिया है. इसका मतलब है कि इस बार किसी को मेले में आने के लिए टिकट खरीदने की आवश्यकता नहीं होगी. इसके साथ ही मेले का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कर सकते हैं. 

तीनों सेनाओं के प्रमुख होंगे शामिल

यह नौ दिवसीय मेगा इवेंट आगामी 10 जनवरी से भारत मंडपम में शुरू होगा. मेले की तैयारियां अब अंतिम चरण में हैं. इस बार मेले का आकार पहले से बड़ा रखा गया है और इसमें विभिन्न भारतीय भाषाओं के लगभग एक हजार प्रकाशक भाग ले रहे हैं. कुल स्टालों की संख्या लगभग तीन हजार रहने की संभावना है. इस बार मेले की थीम सेना के इतिहास पर आधारित है, इसलिए तीनों सेनाओं के प्रमुख भी इस मेले में उपस्थित रहेंगे. मेले के दौरान 50 से अधिक वीआईपी आगंतुकों के आने की उम्मीद जताई जा रही है.

कतर को गेस्ट ऑफ ऑनर का दर्जा

अंतरराष्ट्रीय भागीदारी भी इस बार खास है. मेले में 30 देश भाग ले रहे हैं, जिसमें कतर को गेस्ट ऑफ ऑनर और स्पेन को फोकस कंट्री का दर्जा दिया गया है. इसके अलावा रूस, संयुक्त अरब अमीरात, इरान, जापान, पोलैंड, अर्जेंटीना, लिथुआनिया और अन्य देशों के प्रकाशक भी शामिल होंगे. विश्व पुस्तक मेले के 11 निदेशक भी इस आयोजन में शामिल होने वाले हैं.

विशेष मंडप तैयार किया जा रहा

बच्चों के लिए मेले में किड्स एक्सप्रेस नामक विशेष मंडप तैयार किया जा रहा है, जो 750 वर्ग मीटर क्षेत्र में होगा. इस मंडप में बच्चों के लिए विभिन्न विषयों की पुस्तकें प्रदर्शित की जाएंगी और उनके लिए कई प्रकार की गतिविधियां आयोजित की जाएगी. इसके अलावा राष्ट्रीय ई-पुस्तकालय के डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से छह हजार से अधिक पुस्तकें नि:शुल्क उपलब्ध होंगी. सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाएगा. देश-विदेश के कलाकार अपने कार्यक्रम प्रस्तुत करेंगे. इसके साथ ही आर्मी, नेवी और एयरफोर्स के बैंड भी अपनी प्रस्तुति देंगे.

निदेशक युवराज मलिक ने क्या कहा?

NBT के निदेशक युवराज मलिक के अनुसार, इस बार आयोजित होने वाले विश्व पुस्तक मेले में अधिक से अधिक लोग पहुंच सके, इसीलिए प्रवेश नि:शुल्क कर दिया गया है. मेले को हर आयु वर्ग में उपयोगी बनाने के लिए सभी संभव कोशिश की जा रही है. पीएम मोदी द्वारा मेले के उदघाटन को लेकर जल्द ही स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है.

विश्व पुस्तक मेला न केवल भारतीय भाषाओं और अंतरराष्ट्रीय प्रकाशकों का संगम है, बल्कि यह शिक्षा, संस्कृति और साहित्य को बढ़ावा देने का भी महत्वपूर्ण मंच बनेगा. पहली बार नि:शुल्क प्रवेश के साथ यह मेले का अनुभव सभी के लिए आसान और सुलभ होगा.