Kolkata Rape Murder Case: कोलकाता के आरीज कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में ट्रेनी डॉक्टर के साथ कथित तौर पर रेप और मर्डर केस मामले को लेकर जन आक्रोश देखने को मिल रहा है. सीबीआई इस केस के साथ वित्तीय गड़बड़ी वाले मामले की भी जांच कर रही हैं. आरजी कर मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल संदीष घोष पर वित्तीय गड़बड़ियों के आरोप लगे हैं. अब इस मामले में ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग का मुकदमा दर्ज किया है. भले ही पूर्व प्रिंसिपल संदीष घोष इस केस में जांच एजेंसियों के निशाने पर हैं लेकिन निशाना पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर ही लग रहा है.
कोलकाता का डॉक्टर मर्डर केस अब एक राजनीतिक मुद्दा मात्र बन चुका है. एक ओर बीजेपी तो दूसरी ओर राज्य की सत्ताधारी टीएमसी है. दोनों के बीच शाह और मत का खेल चल रहा है. ट्रेनी डॉक्टर के रेप व मर्डर केस को लेकर सबसे ज्यादा सवालों के घेरों में कोलकाता पुलिस है. उसकी जांच पर सवाल खड़े की जा रहे हैं. हालांकि, अब ये मामला सीबीआई के पास है लेकिन कोलकाता पुलिस ने जिस तरह से शुरुआती जांच की उसे लेकर सुप्रीम कोर्ट ने भी कड़े सवाल किए थे.
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ट्रेनी डॉक्टर रेप व मर्डर केस को सॉल्व करने के लिए कोलकाता पुलिस को 3 दिन का अल्टीमेटम दिया था. त्वरित जांच की कार्रवाई में कोलकाता पुलिस ने कई अहम लोगों को इस केस से दूर रखा. उसने सिर्फ संजय रॉय को गिरफ्तार किया था. इस मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए कलकत्ता हाई कोर्ट ने तत्काल प्रभाव से इस केस को कोलोकाता पुलिस ने सीबीआई को ट्रांसफर करने का आदेश दिया था. सीबीआई के पास मामला गया तो ममता सरकार ने साजिश रचने का आरोप लगया.
सीबीआई ट्रेनी डॉक्टर रेप व मर्डर केस के हल पहलू से बारीकी से जांच कर रही है. आरजी कर मेडिकलल कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष से वित्तीय मामले को लेकर पुलिस लंबी पूछताछ कर चुकी है. दोनों केस आपस में इंटरकनेक्टड भी लग रहे हैं. सीबीआई को केस में कई अहम सबूत भी मिले हैं.
डॉक्टर के रेप व मर्डर केस को लेकर कोलकाता में आए दिन प्रदर्शन हो रहा है. इन सबके बीच ममता सरकार की परेशानी अब ईडी बढ़ाने वाली है. ईडी ने आरजीकर मेडिकल कॉलेज मामले में मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज किया है. यह मुकदमा इंफॉर्समेंट केस इनफॉरमेशन रिपोर्ट के आधार पर ईडी ने दर्ज किया है. इस तरह के मुकमदे में आरोपी को इसकी सूचना देना जरूरी नहीं होता. इस केस में एजेंसी आरोपी को गिरफ्तार कर सकती है. ऐसे मामलों में जमानत मिलना भी कठिन होता है.
बंगाल सरकार पर आरजी कर मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष को बचाने के आरोप लग रहे हैं. इस मुद्दे ने इस तरह का राजनीतिक मोड ले लिया है कि बीजेपी ममता सरकार को घेरने का एक भी मौक नहीं छोड़ रही हैं. पश्चिम बंगाल बीजेपी प्रमुख और केंद्रीय मंत्री सुकांत मजमूदार भी प्रदर्शन कर रहे हैं. एक ओर बीजेपी इस मुद्दे को लंबा खींचना चाहती है तो दूसरी ओर कोलकाता सरकार चाहती है कि किस तरह से इस मुद्दे से लोगों का ध्यान भटकाया जाया.