दिल्ली के सत्या निकेतन में एक पीजी की इमारत गिरने की घटना पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने राज्य सरकार और प्रशासन को आड़े हाथों लिया है. उन्होंने कहा कि सत्ता में बैठे लोगों ने युवाओं को 'कॉकरोच' जैसी स्थिति में रहने के लिए छोड़ दिया है. जब आज का जागरूक युवा इस अव्यवस्था पर जवाब मांगता है, तो उसे 'नाराज फूफा' या 'दिमागी नक्सल' जैसे तंज कसकर खारिज कर दिया जाता है.
सौरव दास ने दावा किया कि प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार एमसीडी (MCD) ने खुद उस इमारत को खतरनाक घोषित करते हुए नोटिस लगाया था. इसके बावजूद वहां धड़ल्ले से निर्माण कार्य जारी रहा और पीजी (PG) का संचालन होता रहा. बच्चों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकालने या पीजी खाली कराने की कोई कोशिश नहीं की गई, जिससे मासूम छात्रों की जान जोखिम में डाली गई.
CJP प्रवक्ता ने मीडिया के जरिए सवाल उठाया कि क्या बिना राजनीतिक संरक्षण के ऐसा अवैध पीजी माफिया और गठजोड़ फल-फूल सकता है? उन्होंने मांग की कि इस पूरे नेक्सस की गहनता से जांच की जानी चाहिए. साथ ही, इमारत के मालिक के राजनीतिक संबंधों और उसे संरक्षण देने वाले नेताओं के नामों का भी खुलासा किया जाना चाहिए.
#WATCH | Delhi: On Satya Niketan building collapse, Cockroach Janta Party (CJP) Chief Spokesperson Saurav Das says, "In the true sense, the people sitting in the government have left the youth to live like cockroaches, and that is why the youth is awake today. They are awakened,… pic.twitter.com/eJilwZOV56
— ANI (@ANI) September 7, 2026
दास ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही कॉकरोच जनता पार्टी की टीम तुरंत मौके पर पहुंच गई थी और तब से वहीं मौजूद है. उन्होंने कहा कि पार्टी अपने सीमित संसाधनों के माध्यम से प्रभावित छात्रों और परिजनों को हर संभव सहायता प्रदान कर रही है. उन्होंने प्रशासन से दोषी अधिकारियों और पीजी मालिकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने का आग्रह किया है.