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मोहर्रम जुलूस में जहरीले कैप्सूल बांटने वाले आरोपी का खुलासा, निजी रंजिश निकली वजह

आरोपी की नाराजगी निजी और पारिवारिक थी. पुलिस के अनुसार फैयाज ने मुहर्रम जुलूस से लगभग दो हफ्ते पहले मुंबई के एक सस्ते होटल में कमरा लिया था. वहां रहते हुए उसने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से 30 हजार खाली कैप्सूल और करीब 50 किलोग्राम जिंक फॉस्फाइड रसायन मंगवाया. 

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Edited By: Antima Pal
मोहर्रम जुलूस में जहरीले कैप्सूल बांटने वाले आरोपी का खुलासा, निजी रंजिश निकली वजह
Courtesy: X

Muharram Poison Capsules: मुंबई पुलिस की जांच में मुहर्रम जुलूस के दौरान बड़े पैमाने पर लोगों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करने वाले आरोपी फैयाज निसार हुसैन प्रेमजी के बारे में चौंकाने वाली जानकारियां सामने आई हैं. पुलिस ने साफ किया है कि इस मामले में अभी तक किसी आतंकी संगठन या साजिश का कोई लिंक नहीं मिला है. 

जहरीले कैप्सूल बांटने वाले आरोपी का खुलासा

आरोपी की नाराजगी निजी और पारिवारिक थी. पुलिस के अनुसार फैयाज ने मुहर्रम जुलूस से लगभग दो हफ्ते पहले मुंबई के एक सस्ते होटल में कमरा लिया था. वहां रहते हुए उसने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से 30 हजार खाली कैप्सूल और करीब 50 किलोग्राम जिंक फॉस्फाइड रसायन मंगवाया. 

निजी रंजिश निकली वजह

जिंक फॉस्फाइड चूहा मारने की दवा है, जो बेहद खतरनाक होता है. आरोपी ने होटल के कमरे में कई दिनों तक कैप्सूल भरे और तैयारी की. जांच में पता चला कि फैयाज का पारिवारिक जीवन पूरी तरह बिखर चुका था. चार साल पहले उसकी पत्नी ने उसे छोड़ दिया था. पत्नी से झगड़ों और तनाव ने उसे मानसिक रूप से बहुत परेशान कर दिया था. वह लंबे समय से दवाइयां ले रहा था.

इसके अलावा वह अपने ही शिया समुदाय से भी नाराज था. कुछ साल पहले फैयाज ने मुस्लिम धर्म की कुछ प्रथाओं और परंपराओं का विरोध करते हुए पर्चे बांटे थे. इसके बाद स्थानीय धार्मिक नेताओं ने उसके पूरे परिवार को समुदाय से बहिष्कृत कर दिया.

समाज में अलग-थलग पड़ जाने के बाद फैयाज अपनी मां, बड़े भाई मोहम्मद अब्बास और दो छोटी बहनों सकीना व रुबीना के साथ पुणे चला गया. वह कभी-कभी मुंबई आता था और डॉर्मिटरी में रहता था. फैयाज ने बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (BBA) की पढ़ाई की है, लेकिन पिछले कुछ सालों से उसकी जिंदगी संघर्ष भरी रही.

पुलिस जांचकर्ताओं का कहना है कि परिवार में उपेक्षा, पत्नी का साथ छोड़ना और समुदाय द्वारा बहिष्कार की वजह से फैयाज के मन में गहरा गुस्सा भर गया था. वह अपने धर्म और समुदाय के प्रति आक्रोश रखता था. मोहर्रम का मौका उसे अपनी नाराजगी निकालने का मौका लगा. मुंबई पुलिस इस मामले की गहन जांच कर रही है.