मुंबई: बॉलीवुड एक्ट्रेस स्वरा भास्कर का नाम आते ही दो चीजें साथ जुड़ जाती हैं. पहला उनका दमदार अभिनय और दूसरा उनके विवादित बयान. स्वरा उन चुनिंदा एक्ट्रेसेस में से हैं जो बिना झिझक अपनी राय रखती हैं और यही बात उन्हें बाकी सितारों से अलग बनाती है. 9 अप्रैल को अपना 38वां जन्मदिन मना रहीं स्वरा भास्कर का करियर भले ही बॉक्स ऑफिस के लिहाज से बहुत बड़ा न रहा हो, लेकिन उन्होंने अपने अभिनय से दर्शकों का दिल जरूर जीता है.
स्वरा भास्कर ने अपने करियर में कई फिल्मों में काम किया है. हालांकि उनकी ज्यादातर फिल्में बॉक्स ऑफिस पर बड़ा कमाल नहीं दिखा सकीं. इसके बावजूद उन्होंने हर किरदार में अपनी अलग छाप छोड़ी. फिल्म प्रेम रतन धन पायो और तनु वेड्स मनु रिटर्न्स जैसी बड़ी फिल्मों में उनकी भूमिका को काफी सराहना मिली. इन फिल्मों ने उन्हें पहचान दिलाई और इंडस्ट्री में एक मजबूत एक्ट्रेस के रूप में स्थापित किया है.
स्वरा भास्कर की सबसे बड़ी पहचान उनकी बेबाकी है. वह किसी भी मुद्दे पर खुलकर अपनी राय रखती हैं चाहे वह फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ा हो या सामाजिक मुद्दा. फिल्म पठान के गाने बेशर्म रंग को लेकर जब विवाद हुआ, तब स्वरा ने खुलकर अपना रिएक्शन साझा किया. उन्होंने नेताओं पर तंज कसते हुए कहा कि उन्हें एक्ट्रेसेस के कपड़ों पर नहीं बल्कि अपने काम पर ध्यान देना चाहिए.
हिजाब विवाद के दौरान भी उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी राय रखी थी. उन्होंने इस मुद्दे की तुलना महाभारत के द्रौपदी चीरहरण से की, जिसके बाद उन्हें काफी आलोचना और ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा.
फिल्म पद्मावत की रिलीज के बाद स्वरा भास्कर ने फिल्म डायरेक्टर संजय लिला भंसाली को एक ओपन लेटर लिखा था. इस लेटर में उन्होंने फिल्म के जौहर सीन को लेकर सवाल उठाए. उनका यह कदम सोशल मीडिया पर बड़ी बहस का कारण बना. कुछ लोगों ने उनके विचारों का समर्थन किया तो कई लोगों ने उनकी आलोचना भी की. इस घटना ने उन्हें विवादों के केंद्र में ला दिया.
स्वरा भास्कर का सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय रहना भी उन्हें सुर्खियों में बनाए रखता है. साल 2018 में भारतीय सेना को लेकर किए गए एक ट्वीट ने भी बड़ा विवाद खड़ा कर दिया था. इसके अलावा उन्होंने अपने निजी जीवन को लेकर भी लोगों का ध्यान खींचा. उन्होंने अपने से उम्र में छोटे राजनेता से शादी की, जो लंबे समय तक चर्चा का विषय बना रहा.