Alka Yagnik Health Journey: बॉलीवुड की मशहूर प्लेबैक सिंगर अलका याग्निक को मंगलवार को राष्ट्रपति भवन में पद्म भूषण से सम्मानित किया गया. ये सम्मान मिलना उनके लिए बेहद खास रहा, क्योंकि सुनने की दुर्लभ बीमारी 'सेंसरी न्यूरल नर्व हियरिंग लॉस' से जूझने के बाद ये उनकी पहली बड़ी पब्लिक अपीयरेंस थी.
बुधवार को अलका याग्निक ने इंस्टाग्राम पर एक लंबा इमोशनल नोट शेयर किया. उन्होंने लिखा- 'पिछले दो सालों से मैं लाइमलाइट से दूर रही. पब्लिक अपीयरेंस और अपनी जर्नी शेयर करने से भी बचती रही. आपमें से कई लोगों को पता था कि मैं हेल्थ इश्यू से जूझ रही हूं. लेकिन इस दौरान आपका प्यार, दुआएं और सपोर्ट हर कदम पर मेरे साथ रहे. आपके प्यार की वजह से आज यहां हूं.'
अलका ने आगे लिखा- 'आज जब मैं देश के सबसे बड़े नागरिक सम्मानों में से एक पद्म भूषण लेने निकली, तो मेरा दिल आभार से भरा था. ये सम्मान मेरे नाम पर है, लेकिन ये उतना ही उन सभी लिसनर्स का है जिन्होंने मेरी आवाज को अपनी जिंदगी में जगह दी. मेरे गानों को पीढ़ियों तक आगे बढ़ाया और हर मुश्किल में मेरा साथ दिया.'
सिंगर ने कहा कि 'ये पल उनके लिए इसलिए भी खास है क्योंकि ये सिर्फ उनके काम की पहचान नहीं, बल्कि प्यार, उम्मीद और हिम्मत की ताकत की याद दिलाता है. मैं धीरे-धीरे वापस आ रही हूं. आज मैं सिर्फ अपने लिए नहीं, बल्कि आप सबके लिए यहां हूं जो इस सफर का हिस्सा रहे.'
अलका याग्निक ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्रालय और भारत सरकार का भी आभार जताया. उन्होंने लिखा- 'मैं ये सम्मान पूरी विनम्रता और सम्मान के साथ स्वीकार करती हूं.' नोट के अंत में उन्होंने लिखा- 'थैंक्यू फॉर योर वॉर्म्थ, प्रेयर्स एंड फेथ. आज मैंने सिर्फ अवॉर्ड नहीं लिया, बल्कि लाखों लोगों का प्यार महसूस किया. लव, अलका.'
बता दें अलका याग्निक ने 'चोली के पीछे', 'दिल ने ये कहा है दिल से', 'अगर तुम साथ हो', 'एक दो तीन' जैसे सुपरहिट गाने गाए हैं. 2024 में उन्होंने अपनी हियरिंग प्रॉब्लम के बारे में फैंस को बताया था.