नर्स से एक्ट्रेस बनी जूली ने साउथ सुपरस्टार और तमिलाडु के सीएम विजय पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने चौंकाने वाला दावा करते हुए कहा कि विजय के प्रशंसकों और उनकी पार्टी टीवीके के समर्थकों द्वारा कथित तौर पर ट्रोलिंग किए जाने के कारण मेरा गर्भपात हुआ. उन्होंने इस ट्रोलिंग को लेकर चेन्नई में शिकायत दर्ज कराई है.
मीडिया से बातचीत में एक्ट्रेस ने कहा कि उन्होंने ऑनलाइन किए गए कथित शोषण को लेकर मार्च में पुलिस से संपर्क किया था और आठ लोगों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी. उन्होंने कहा कि बाद में उन्हें एक नोटिस मिला जिसमें कहा गया था मामला आपराधिक नहीं बल्कि दीवानी मानहानि के अंतर्गत आता है. उन्होंने यह भी बताया कि तमिलनाडु में सरकार बदलने के बाद जारी किए गए इस नोटिस के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं थी. एक्ट्रेस ने यह भी आरोप लगाया कि इसके बाद उन पर 15 लाख रुपए के किडनी घोटाले के आरोप लगे.
கிட்னி திருடிட்டேனு அவதூறு வைக்கிறாங்க.. தவெகவிற்கு எதிராக ஒரு பொண்ணு பேசுறானு மனசாட்சியே இல்லாம அவ பெயரை கெடுக்குறீங்க.. Instant தாக்குதல் நடத்துறத விட்டுட்டு மக்களுக்கு Instant-ஆ உதவி செஞ்சா நல்லா இருக்கும் - ஜூலி கண்ணீர் மல்க பேட்டி#Biggbossjulie #Kidneyissue #TVK #CMvijay… pic.twitter.com/3qPhKsgcRy
— News Tamil 24x7 (@NewsTamilTV24x7) May 29, 2026
जूली ने बताया कि हाल ही में उनकी शादी हुई थी और उन्होंने अपने पहले बच्चे को खो दिया. उन्होंने कहा कि ऑनलाइन हुई ट्रोलिंग के कारण उन्हें मानसिक आघात लगा जिससे उनके बच्चे की मृत्यु हुई. जूली ने कहा कि वह इस स्थिति का इस्तेमाल सहानुभूति बटोरने के लिए कर सकती हैं लेकिन उनकी मुख्य चिंता उनके और उनके पति के बारे में की जा रही अपमानजनक और निंदनीय टिप्पणियां हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी कोई महिला टीवीके के बारे में बोलती है तो बिना किसी संकोच या रोक-टोक के उसका नाम खराब कर दिया जाता है.
एक्ट्रेस ने कहा कि उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है क्योंकि जिन आठ लोगों पर उन्होंने आरोप लगाया है वे टीवीके के समर्थक हैं. जूली ने कहा, 'विजय अन्ना मेरे बच्चे को खोने के लिए जिम्मेदार हैं. उन्होंने सीधे तौर पर ऐसा नहीं किया लेकिन अगर उन्होंने एक शब्द भी कहा होता और ट्रोलर्स को रोका होता तो मुझे यह सब नहीं खोना पड़ता.' जूली ने कहा कि विजय को अपने समर्थकों के खिलाफ बोलने वालों पर कथित तौर पर हमले करवाने के बजाय जनता के लिए कुछ करने पर ध्यान देना चाहिए.