NEET UG 2026 Re Exam Date: देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET UG 2026 को लेकर जारी विवाद अब और बड़ा रूप ले चुका है. पेपर लीक के आरोपों के बाद परीक्षा रद्द होने से लाखों छात्रों और अभिभावकों में नाराजगी थी. अब शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस पूरे मामले पर पहली बार खुलकर बयान दिया है.
सरकार ने साफ कर दिया है कि परीक्षा प्रणाली में बड़े बदलाव किए जाएंगे ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों. इसी के तहत अगले साल से NEET UG को ऑनलाइन मोड में कराने की तैयारी शुरू कर दी गई है. इस घोषणा के बाद छात्रों के बीच नई चर्चा शुरू हो गई है.
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आज घोषणा की कि अगले वर्ष से NEET UG परीक्षा पूरी तरह से कंप्यूटर आधारित परीक्षा (CBT) मोड में आयोजित की जाएगी, जो राष्ट्रीय चिकित्सा प्रवेश परीक्षा प्रणाली में एक बड़ा सुधार है. एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए प्रधान ने यह भी कहा कि NEET UG 2026 के एडमिट कार्ड 14 जून तक जारी कर दिए जाएंगे, साथ ही उन्होंने इस बात की पुष्टि की कि प्रश्न पत्र लीक होने की पुष्टि के बाद पिछली परीक्षा रद्द होने के बाद पुनर्परीक्षा 21 जून को आयोजित की जाएगी.
#WATCH | Delhi | On NEET re-examination, Union Education Minister Dharmendra Pradhan says, "The root cause of this was OMR and therefore, from the next year, the exam will be conducted in Computer-Based Test (CBT) mode..." pic.twitter.com/5BepLQD7CC
— ANI (@ANI) May 15, 2026
उन्होंने बताया कि NEET UG 2026 परीक्षा 3 मई को आयोजित की गई थी, लेकिन 7 मई को 'अनुमानित प्रश्नपत्र" को लेकर चिंताएं उठाई गईं, जिसके बाद केंद्रीय सरकारी एजेंसियों को शिकायतें भेजी गईं. कुछ ही दिनों में अधिकारियों ने प्रश्नपत्र लीक होने की पुष्टि कर दी.
शिक्षा मंत्री ने कहा, 'जैसे ही हमें लीक के बारे में यकीन हो गया, हमने तुरंत फैसला किया कि छात्रों को मिलने वाले निष्पक्ष अवसर से कोई समझौता नहीं किया जाना चाहिए,' उन्होंने आगे कहा कि 12 मई को परीक्षा रद्द कर दी गई थी.
मंत्री ने पूर्व की घटनाओं को याद करते हुए कहा कि इसी तरह की स्थिति के कारण पहले राधाकृष्णन समिति का गठन हुआ था. उन्होंने आगे कहा कि सरकार परीक्षा में अनुचित साधनों के इस्तेमाल के प्रति शून्य-सहिष्णुता का दृष्टिकोण अपनाती रहेगी.