दुनियाभर में अपनी खास पहचान बनाने वाले और हमेशा कुछ अलग करने की चाह रखने वाले एलन मस्क अब इतिहास का सबसे बड़ा धमाका करने जा रहे हैं. स्पेसएक्स के इस कदम से न सिर्फ शेयर बाजार में हलचल मचेगी बल्कि यह मस्क को दुनिया का पहला ट्रिलियनेयर बनाने की रेस में भी बहुत आगे ले जाएगा.
एलन मस्क की अंतरिक्ष कंपनी SpaceX इतिहास का सबसे बड़ा IPO लाने की तैयारी कर रही है. कंपनी ने अपने एक शेयर की कीमत 135 डॉलर तय की है जिससे स्पेसएक्स की कुल वैल्यूएशन लगभग 1.77 ट्रिलियन डॉलर यानी तकरीबन 147 लाख करोड़ रुपये आंकी गई है.
अगर यह आईपीओ इसी वैल्यूएशन पर पूरा होता है तो स्पेसएक्स सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी 'सऊदी अरामको' का रिकॉर्ड तोड़ देगी जो 2019 में 1.7 ट्रिलियन डॉलर की वैल्यूएशन के साथ बाजार में उतरी थी. अरामको ने आईपीओ से 29 अरब डॉलर जुटाए थ जबकि स्पेसएक्स द्वारा लगभग 74.4 अरब डॉलर जुटाने की उम्मीद है. आमतौर पर कंपनियां आईपीओ के लिए एक प्राइस बैंड तय करती हैं लेकिन स्पेसएक्स ने सीधे एक फिक्स प्राइस का एलान कर दिया है.
रिपोर्ट्स के मुताबिक अगले हफ्ते से ही स्पेसएक्स के शेयर नैस्डैक स्टॉक एक्सचेंज पर SPCX टिकर सिंबल के तहत ट्रेड करना शुरू कर सकते हैं. पिछले कुछ महीनों में कंपनी की वैल्यूएशन बहुत तेजी से बढ़ी है. फरवरी 2026 में यह करीब 1.25 ट्रिलियन डॉलर थी जिसमें कुछ ही समय में 40% से ज्यादा का उछाल आया है. एलन मस्क के पास स्पेसएक्स की करीब 50% हिस्सेदारी है. इस वैल्यूएशन के हिसाब से अकेले उनके शेयरों की कीमत 750 अरब डॉलर से ज्यादा हो जाएगी. हालांकि कंपनी के नियमों के कारण वे तुरंत अपने सारे शेयर नहीं बेच पाएंगे.
दिलचस्प बात यह है कि पिछले वित्तीय वर्ष में स्पेसएक्स को लगभग 4.9 अरब डॉलर का घाटा हुआ था फिर भी कंपनी की कमाई 33% बढ़कर 18.7 अरब डॉलर पर पहुंच गई. यह घाटा मुख्य रूप से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और भविष्य के अंतरिक्ष मिशनों पर भारी खर्च के कारण हुआ था. आईपीओ से मिलने वाले पैसे का इस्तेमाल मस्क स्पेस में डेटा सेंटर बनाने चांद पर मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने और मंगल ग्रह के मिशन जैसे अपने बड़े सपनों को पूरा करने के लिए करेंगे.