देश में असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले मजदूरों के लिए बड़ी खुशखबरी है. पेंशन फंड नियामक एवं विकास प्राधिकरण (PFRDA) ने असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले लोगों के लिए एनपीएस संचय योजना शुरू की गई है. इस योजना के तहत असंगठित क्षेत्र के कामगारों को पेंशन का लाभ मिलेगा.
भारत में 90 प्रतिशत नौकरीपेशा असंगठित क्षेत्र में काम करते हैं. इस स्कीम का सीधा फायदा इन्हीं कामगारों जैसे छोटे दुकानदार, फ्रीलांसर, दिहाड़ी मजदूर और गिग वर्कर्स को मिलेगा.
18 साल से अधिक उम्र का भारत का कोई भी नागरिक एनपीएस संचय योजना का लाभ ले सकता है. इस योजना में निवेश की सीमा को काफी कम और आसान रखा गया है ताकि छोटी आमदनी वाले लोग इसका लाभ ले सकें.
देश में कामगारों और श्रमिकों के लिए अब चौथी श्रेणी बना दी गई है. अभी तक केवल अकुशल, अर्ध कुशल और कुशल श्रेणी हुआ करती थी लेकिन अब अत्यधिक कुशल नाम से एक और श्रेणी जोड़ी बनाई गई है जिनके लिए लगभग 19,425 रुपए प्रतिमाह का वेतन निर्धारित किया गया है. अकुशल श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी 12,356 से 13,690 रुपये के बीच है. अर्ध-कुशल श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी 13,590 से 15,059 रुपये और कुशल श्रमिकों की 15,224 से 16,868 रुपये तक है.