RBI: भारतीय रिजर्व बैंक ने महाराष्ट्र के एक को-ऑपरेटिव बैंक की वित्तीय हालात को देखते हुए उसके पैसा निकालने पर प्रतिबंध लगा दिया है. जिन भी ग्राहकों को इस बैंक में अकाउंट होगा अब वो पैसा नहीं निकाल पाएंगे. आरबीआई ने शिरपुर मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक (Shirpur Merchants Co-operative Bank) पर पैसा न निकालने से लेकर और भी कई अन्य प्रतिबंध लगाए हैं.
भारतीय रिजर्व बैंक (Reserve Bank of India) के इस आदेश के बाद अब शिरपुर मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक के ग्राहक अगले 6 महीने तक बैंक में जमा अपनी सेविंग्स नहीं निकाल सकते हैं.
आरबीआई के इस ऐलान के बाद बैंक के लाख कस्टमर्स बहुत चिंतित हैं. उन्हें डर है कि उनकी जमापूंजी कहीं उनके हाथ से चली न जाए. बहुत से ग्राहक इस बात से भी चिंतित हैं कि कहीं बैंक का लाइसेंस न कैंसिल हो जाए. लेकिन आरबीआई ने साफ किया है कि आरबीआई बैंक का लाइसेंस कैंसिल नहीं कर रहा है.
प्रतिबंधों के साथ जारी रहेगा कारोबार
RBI ने कहा है कि अगले 6 महीनों तक बैंक पर कुछ प्रतिबंध लगाए गए है. बैंक की वित्तीय हालत ठीक नहीं है. वित्तीय स्थिति सुधरने तक कुछ प्रतिबंधों के साथ बैंकिंग कारोबार जारी रहेगा.
आरबीआई के मुताबिक बैंक आरबीआई के पूर्व मंजूरी के बाद ही लोन, एडवांस, इनवेस्टमेंट, आदि नहीं करेगा. भारतीय रिजर्व बैंक के इस फैसले से लाखों ग्राहकों के पैसे सेविंग बैंक में फ्रीज हो चुके हैं. ग्राहक आरबीआई के अगले आदेश तक बैंक से अगले 6 महीने तक अपना एक भी रुपये नहीं निकाल सकते हैं.
5 लाख तक की सेविंग सुरक्षित
अगर किसी भी स्थिति में बैंक का लाइसेंस रद्द होता है तो ग्राहकों का 5 लाख तक का रुपये बिल्कुल सुरक्षित रहता है. ग्राहक अपना पैसा डिपॉजिट इंश्योरेंस एंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन से बैंक में जमा राशि में से अपने 5 लाख रुपये तक की राशि को पाने का हकदार है.