श्रद्धालुओं के लिए जरूरी खबर! चारधाम यात्रा शुरू होगी या नहीं, आज होगा फैसला

उत्तराखंड में भारी बारिश की चेतावनी के बीच दो दिन से स्थगित चारधाम यात्रा को दोबारा शुरू करने पर फैसला लेने के लिए बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने बैठक बुलाई है. मौसम की स्थिति की समीक्षा के बाद आगे की रणनीति तय होगी.

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Kuldeep Sharma

उत्तराखंड में लगातार खराब मौसम और भारी बारिश की आशंका के कारण चारधाम यात्रा फिलहाल रोकी गई है. अब यात्रा को फिर से शुरू करने के संबंध में बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने बुधवार को महत्वपूर्ण बैठक बुलाई है, जिसमें मौसम और सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के बाद निर्णय लिया जाएगा.

मौसम की समीक्षा के बाद होगा निर्णय

उत्तराखंड में जारी बारिश और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग की चेतावनी को देखते हुए बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) ने चारधाम यात्रा दो दिनों के लिए स्थगित की थी. बुधवार को भी यात्रा पर रोक जारी रही. अब गुरुवार से यात्रा दोबारा शुरू की जाए या नहीं, इसे लेकर समिति ने अहम बैठक बुलाई है. बैठक में मौसम विभाग की ताजा रिपोर्ट, प्रशासन की तैयारियों और यात्रियों की सुरक्षा से जुड़े सभी पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की जाएगी. अंतिम निर्णय हालात का आकलन करने के बाद लिया जाएगा.

भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी

भारत मौसम विज्ञान विभाग, देहरादून ने 29 और 30 जुलाई के लिए प्रदेश के कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. विभाग के अनुसार देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल, चम्पावत और ऊधमसिंह नगर में भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है. इसके साथ ही गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज बारिश के दौर की भी चेतावनी दी गई है. लोगों को बिना जरूरी काम के घर से बाहर नहीं निकलने और पूरी सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है.


30 जुलाई के लिए भी सतर्क रहने की अपील

मौसम विभाग के अनुसार 30 जुलाई को भी राहत मिलने के आसार कम हैं. बागेश्वर, चम्पावत और पिथौरागढ़ जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. वहीं उत्तरकाशी, देहरादून, पौड़ी, टिहरी और नैनीताल में भी तेज वर्षा की संभावना जताई गई है. लगातार खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन संवेदनशील इलाकों पर विशेष निगरानी बनाए हुए है, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके.

प्रशासन ने बढ़ाई चौकसी

उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने सभी जिलों के प्रशासन को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं. संबंधित विभागों को संभावित आपदा प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने, राहत एवं बचाव दलों को तैयार रखने और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है. चारधाम यात्रा से जुड़े श्रद्धालुओं से भी अपील की गई है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले मौसम और प्रशासन की ताजा सलाह अवश्य देखें. गुरुवार को होने वाला फैसला हजारों श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है.