लखनऊ: प्रयागराज में आयोजित माघ मेले में पालकी सहित स्नान के लिए जाने से रोके जाने के बाद शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और यूपी सरकार के बीच जारी विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. शासन-प्रशासन की कार्रवाई से नाराज शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का धरना प्रदर्शन जहां 10वें दिन भी जारी है.
वही इस मामले को लेकर शंकराचार्य के साथ-साथ अब लोग सीएम योगी के समर्थन में भी खुलकर सामने आने लगे हैं. इसी कड़ी में अयोध्या संभाग में तैनात जीएसटी के डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने योगी सरकार के समर्थन में अपना इस्तीफा सौंपा है.
प्रदेश की योगी सरकार के समर्थन में अपना इस्तीफा सौंपते हुए अयोध्या संभाग में तैनात जीएसटी के डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने कहा कि शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद द्वारा सीएम योगी पर की गई टिप्पणी बेहद अपमानजनक है, जिसकी वो निंदा करते हैं और इसके विरोध में अपना इस्तीफा सौंप रहे हैं.
पीएम मोदी और सीएम योगी का समर्थन करते हुए उन्होंने कहा कि जिस प्रदेश का वह नमक खाते हैं और जहां से उन्हें वेतन मिलता है, वे उसी प्रदेश और उसके नेतृत्व के साथ खड़े हैं. आगे उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से चुने गए एक प्रदेश के मुखिया के को लेकर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का रवैया निंदनीय है, जो बर्दाश्त के योग्य नहीं है. बता दें कि उन्होंने राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपा है.
अपने इस्तीफे में डिप्टी कमिश्नर ने शंकराचार्य की टिप्पणी से पिछले तीन दिनों से मानसिक रूप से आहत होने की बात कही है. उनका कहना है कि इसी मानसिक पीड़ा के कारण उन्होंने अपने पद से इस्तीफा देने जैसा कठोर फैसला लिया. उनका कहना है कि यह निर्णय किसी दबाव में नहीं लिया गया है, बल्कि आत्मसम्मान और अपने विचारों के आधार पर लिया गया है.
#WATCH | Ayodhya, UP | On his resignation, Prashant Kumar Singh, GST Commissioner, Ayodhya, says, "In favour of the government and to oppose Shankaracharya Swami Avimukteshwaranand, I have resigned. For the last 2 days, I was deeply hurt by his baseless allegations against our CM… pic.twitter.com/ajPjHErYIQ
— ANI (@ANI) January 27, 2026
आपको बता दें कि प्रशांत कुमार सिंह की अयोध्या में पोस्टिंग साल 2023 में हुई थी. वह राज्यकर विभाग में संभागीय उप आयुक्त, यानी जीएसटी डिप्टी कमिश्नर के पद पर कार्यरत थे. उन्होंने कहा है कि इस्तीफा स्वीकार होने के बाद वह सामाजिक कार्यों में अपने निजी संसाधनों से योगदान देंगे.