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Video: 'छुट्टी मांगने गया तो प्राइवेट पार्ट में लात मारकर भगा दिया', UP पुलिस के इंस्पेक्टर ने थाने के सामने रो-रोकर सुनाई आपबीती

Jhansi UP Police inspector Video: यह घटना पुलिस महकमे में उठे सवालों को और बढ़ाती है, और यह दर्शाती है कि विभाग में उच्च अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच किस प्रकार के तनाव और मतभेद हो सकते हैं.

Gyanendra Tiwari
Video: 'छुट्टी मांगने गया तो प्राइवेट पार्ट में लात मारकर भगा दिया', UP पुलिस के इंस्पेक्टर ने थाने के सामने रो-रोकर सुनाई आपबीती
Courtesy: Social Media

Jhansi UP Police inspector Video: उत्तर प्रदेश के झांसी जिले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें UP पुलिस के एक  इंस्पेक्टर थाने के बाहर जमीन पर बैठकर बच्चों की तरह रोते हुए दिखाई दे रहे हैं. इस वीडियो में इंस्पेक्टर मोहित यादव ने थाने में अपनी आपबीती सुनाते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि छुट्टी मांगने गए थे, लेकिन उन्हें बदसलूकी का शिकार होना पड़ा और एक उच्च अधिकारी ने उनके साथ अभद्रता की.

झांसी में पदस्थ इंस्पेक्टर मोहित यादव, जो वर्तमान में निलंबित हैं, ने आरोप लगाया कि उन्होंने पुलिस लाइन के प्रतिसार निरीक्षक (RI) सुभाष सिंह से छुट्टी के लिए आवेदन किया था, लेकिन उनका आवेदन आगे नहीं भेजा गया. इसके बाद, मोहित यादव ने सीधे RI से मिलने की कोशिश की, जहां दोनों के बीच बहस हो गई. इंस्पेक्टर ने बताया कि बहस के दौरान, प्रतिसार निरीक्षक ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और यहां तक कि उनके प्राइवेट पार्ट पर लात मारकर उन्हें वहां से भगा दिया.

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल 

मोहित यादव ने इस घटना के बाद डायल 112 पर कॉल कर सूचना दी, लेकिन पुलिस  उन्हें पकड़कर थाने ले आई. इस घटना के बाद, इंस्पेक्टर मोहित यादव सड़कों पर बैठकर रोने लगे, और उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.

वीडियो में देखा जा सकता है कि मोहित यादव सड़क पर बैठकर जोर-जोर से रोते हुए अपनी दुखभरी कहानी सुना रहे हैं. उन्होंने थाने में इसकी लिखित शिकायत भी दी, और शिकायत लिखते वक्त भी उनकी आंखों में आंसू थे. उनका यह वीडियो तेजी से वायरल हो गया और लोग इस मामले पर विभिन्न प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं.

पुलिस प्रशासन ने क्या कहा

इस घटना पर सिटी एसपी ज्ञानेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि इंस्पेक्टर मोहित यादव के आरोप बेबुनियाद हैं. उन्होंने कहा कि इंस्पेक्टर ने ही प्रतिसार निरीक्षक सुभाष सिंह के साथ अभद्रता की थी, और दोनों पक्षों ने शिकायतें दी हैं. फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है.

2012 में मोहित को मिली थी नौकरी

मोहित यादव मैनपुरी के रहने वाले हैं और 2012 में मृतक आश्रित कोटे से सब-इंस्पेक्टर के रूप में यूपी पुलिस में शामिल हुए थे. उन्हें हाल ही में अनुशासनहीनता और विवेचना में लापरवाही के कारण निलंबित किया गया था, और वर्तमान में वह पुलिस लाइन में कार्यरत हैं.