लखनऊ के एक कोचिंग सेंटर में आग लगने से हुई छात्रों की मौत पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने दुख जताया है. बता दें कि सोमवार को लखनऊ के अलीगंज स्थित पुरनिया इलाके में एक कॉमर्शियल बिल्डिंग में भीषण आग लग गई. बताया जा रहा है कि बिल्डिंग की ऊपरी मंजिल पर एक कोचिंग सेंटर चल रहा था. देखते ही देखते आग ने पूरी इमारत को निकल लिया जिसमें कई छात्र फंस गए. अब तक इस अग्निकांड में 15 छात्रों के मारे जाने की खबर है. मृतकों की संख्या लगातार बढ़ रही है. सीएम ने हादसे को लेकर कहा, 'लखनऊ में अग्नि दुर्घटना में हुई जनहानि अत्यंत दुःखद एवं हृदय विदारक है। मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति तथा घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें।'
लखनऊ में अग्नि दुर्घटना में हुई जनहानि अत्यंत दुःखद एवं हृदय विदारक है।
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) June 22, 2026
मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिजनों के साथ हैं।
प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति तथा घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें। pic.twitter.com/GR7TUpy82E
वर्तमान में अलीगढ़ में मौजूद सीएम योगी ने कहा कि मुझे अभी-अभी लखनऊ में हुए हादसे की जानकारी मिली है. आग की घटना में कुछ बच्चों की दुखद मौत हुई है. उन्होंने कहा कि प्रशासन राहत और बचाव कार्य में जुटा है और इस दुखद घटना के चलते मैं तुरंत लखनऊ लौट रहा हूं.
#WATCH | Uttar Pradesh | Firefighting and rescue operations underway at a coaching centre in Aliganj, Lucknow. Some people are feared trapped inside the building. pic.twitter.com/p4QQiFLTpD
— ANI (@ANI) June 22, 2026
उन्होंने मृतक बच्चों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई और DGP और अपर मुख्य सचिव (गृह) को मौके पर जाकर जांच रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा कि हम घटना की तह तक जाएंगे और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
हादसे की जानकारी मिलते ही डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक मौके पर पहुंचे. घटना को लेकर मीडिया से बातचीत करते हुए पाठक भावुक हो गए. उन्होंने कहा कि मैंने 14 शव अपनी आंखों से देखे हैं.
#WATCH | Uttar Pradesh Deputy CM Brajesh Pathak breaks down as he speaks on the Lucknow coaching institute fire incident.
— ANI (@ANI) June 22, 2026
He says, "I have seen 14 bodies with my own eyes." pic.twitter.com/WuLhFpXIUw
पाठक ने कहा कि बिल्डिंग में एक एनिमेशन सेंटर था जहां 16-17 साल के बच्चे कार्टून बनाना सीखने जाते थे. उन्होंने कहा कि अब तक 13 बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है और उनका केजीएमसी ट्रॉमा सेंटर में इलाज जारी है. डिप्टी सीएम ने कहा कि आग कैसे लगी अभी तक इसकी कोई जानकारी सामने नहीं आ सकी है.
पाठक ने कहा कि पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए गए हैं. प्रमुख सचिव गृह और डीजीपी को मौके पर बुलाया गया है और उन्हें निर्देश दिया गया है कि आग लगने के कारणों का पता लगाया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि इस तरह की घटनाएं भविष्य में ना हों.