डूंगरपुर: राजस्थान के डूंगरपुर जिले से रिश्तों को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है. सागवाड़ा थाना क्षेत्र में कर्ज के बोझ और जमीन बेचने के विवाद ने एक बेटे को अपने ही 82 वर्षीय पिता का हत्यारा बना दिया. आरोप है कि बेटे ने पिता के सिर पर कुल्हाड़ी से कई वार किए और उनकी मौत के बाद वारदात को हादसा बताने के लिए छत से गिरने की झूठी कहानी गढ़ दी.
पुलिस ने मामले में आरोपी बेटे कांतिलाल को गिरफ्तार कर लिया है. सागवाड़ा थानाधिकारी मनीष खोईवाल के अनुसार, गोवाड़ी निवासी कांतिलाल 27 अगस्त की रात करीब 10 बजे अपने पिता गौतमलाल यादव को गंभीर हालत में सरकारी अस्पताल लेकर पहुंचा था. उसने डॉक्टरों को बताया कि उसके पिता घर की छत से गिरकर घायल हुए हैं.
अस्पताल में उपचार के दौरान गौतमलाल की मौत हो गई. इसके बाद परिजन शव को घर ले आए. अगले दिन अंतिम संस्कार के लिए शव को श्मशान घाट ले जाया गया. अंतिम संस्कार की रस्म के दौरान जब गौतमलाल के सिर पर लगी पट्टियां हटाई गईं तो वहां मौजूद लोगों ने सिर पर गहरे घाव देखे.
घाव देखकर ग्रामीणों को मामला संदिग्ध लगा. उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर पर धारदार हथियार से हमला किए जाने की पुष्टि हुई. इसके बाद पुलिस ने हादसे की कहानी पर शक जताते हुए जांच आगे बढ़ाई.
पुलिस ने संदेह के आधार पर कांतिलाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की. पूछताछ के दौरान आरोपी ने कथित तौर पर पिता के सिर पर कुल्हाड़ी से तीन से चार वार करने की बात स्वीकार की. पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद कार्रवाई से बचने के लिए आरोपी ने पिता के छत से गिरने की झूठी कहानी बनाई थी. पुलिस अब हत्या में इस्तेमाल कुल्हाड़ी और वारदात से जुड़े अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है. मामले में आगे की कार्रवाई जारी है.
पुलिस की प्रारंभिक जांच के मुताबिक कांतिलाल पर काफी कर्ज था. वह कर्ज चुकाने के लिए परिवार की जमीन बेचना चाहता था. हालांकि, उसके 82 वर्षीय पिता जमीन बेचने के खिलाफ थे. इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद चल रहा था.
बताया जा रहा है कि कर्ज का दबाव और जमीन बेचने को लेकर पिता का विरोध ही इस वारदात की मुख्य वजह बना. पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है. घटना के बाद गांव में भी लोग स्तब्ध हैं कि जिस पिता ने बेटे को जीवन दिया, उसी बेटे पर उनकी हत्या का आरोप लगा है.