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फंदे पर लटकाया शव, आत्महत्या की रची कहानी; पिता की हत्या में नाबालिग बेटा और 7 दोस्त आरोपी

बांसवाड़ा के कुशलगढ़ में फंदे से लटके मिले 45 वर्षीय बादर सिंह मुनिया की मौत का पुलिस ने खुलासा किया है. जांच में हत्या की बात सामने आई है. पुलिस के मुताबिक, नाबालिग बेटे ने सात दोस्तों के साथ मिलकर पिता की हत्या की और शव को फंदे पर लटकाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की.

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Edited By: Babli Rautela
फंदे पर लटकाया शव, आत्महत्या की रची कहानी; पिता की हत्या में नाबालिग बेटा और 7 दोस्त आरोपी
Courtesy: AI

बांसवाड़ा: राजस्थान के बांसवाड़ा जिले के कुशलगढ़ थाना क्षेत्र में एक शख्स की मौत के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है. चूलीपाड़ा गांव में 21 अगस्त को 45 वर्षीय बादर सिंह मुनिया का शव घर में फंदे से लटका मिला था. शुरुआती तौर पर मामला आत्महत्या का लग रहा था, लेकिन पुलिस की जांच में सामने आया कि बादर सिंह की हत्या की गई थी और शव को फंदे पर लटकाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई थी.

पुलिस के मुताबिक, इस वारदात को मृतक के नाबालिग बेटे ने अपने सात दोस्तों के साथ मिलकर अंजाम दिया. मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि दो अन्य की तलाश जारी है.

घर से निकालने के बाद पिता से नाराज था बेटा

कुशलगढ़ थानाधिकारी प्रवीण सिंह सिसोदिया के अनुसार, घटना से कुछ दिन पहले बादर सिंह ने अपनी पत्नी लकमा और इकलौते नाबालिग बेटे के साथ मारपीट कर दोनों को घर से निकाल दिया था. इसी बात को लेकर बेटा अपने पिता से नाराज था. पुलिस जांच के अनुसार, इसके बाद नाबालिग ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर पिता की हत्या की साजिश रची. 20 अगस्त की रात सभी आरोपी पहले रूपगढ़ गांव में एक साथ पार्टी करने के लिए जुटे. इसके बाद वे बादर सिंह के घर पहुंचे.

लोहे के पाइप और लाठी से हमला करने का आरोप

पुलिस का आरोप है कि घर पहुंचने के बाद नाबालिग और उसके दोस्तों ने बादर सिंह पर लोहे के पाइप, लाठी और लात-घूंसों से हमला किया. हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौत हो गई. इसके बाद आरोपियों ने कथित तौर पर शव को रस्सी के फंदे से लटका दिया. इसका मकसद पुलिस और परिजनों को यह दिखाना था कि बादर सिंह ने आत्महत्या की है.

बादर सिंह का शव 21 अगस्त को घर में फंदे से लटका मिला था. पुलिस ने मामले की जांच शुरू की तो घटनाक्रम में कुछ बातें संदिग्ध नजर आईं. पुलिस को सबसे ज्यादा शक तब हुआ जब मृतक का इकलौता नाबालिग बेटा अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हुआ. इसके बाद पुलिस ने नाबालिग को डिटेन कर उससे पूछताछ की. पूछताछ के दौरान कथित तौर पर उसने वारदात से जुड़ी जानकारी पुलिस को दी. इसके बाद जांच में उसके दोस्तों की भूमिका भी सामने आई.

पांच आरोपी गिरफ्तार, दो की तलाश

पुलिस ने मामले में मृतक के नाबालिग बेटे को डिटेन किया है. उसके अलावा उसके दोस्तों विक्रम, शैलेश, राजकुमार, अल्पेश और करण को गिरफ्तार किया गया है. वहीं, मामले में कथित रूप से शामिल अजीत और अनिल की तलाश की जा रही है. पुलिस दोनों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है.