चंडीगढ़: पंजाब में नशे की समस्या से लड़ने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान सरकार द्वारा चलाए गए #YudhNasheVirudh अभियान ने 500 दिन पूरे कर लिए हैं. यह अभियान सख्त कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ नशे की रोकथाम, इलाज और पुनर्वास पर जोर दे रहा है.
स्वास्थ्य मंत्री बलवीर सिंह ने अभियान की सफलता पर जानकारी देते हुए बताया कि इन 500 दिनों में नशे के खिलाफ अभियान ने पंजाब में अच्छी खासी प्रगति की है. उन्होंने कहा कि अभियान के तहत अब तक 73,300 से ज्यादा ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया जा चुका है. इसके अलावा 52,432 FIR-NDPS एक्ट के तहत दर्ज की गई हैं.
The Mann Government's #YudhNasheVirudh campaign has completed 500 days, combining strict enforcement with treatment, rehabilitation and prevention to combat the drug menace.
Health Minister @AAPbalbir said that during the campaign, over 73,300 drug peddlers have been arrested,… pic.twitter.com/4t9zBVyid5
— AAP Punjab (@AAPPunjab) July 15, 2026
मंत्री ने आगे बताया कि बड़ी मात्रा में हेरोइन तस्करी करने वाले 621 बड़े तस्करों को पकड़ा गया है. इनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई और उनकी संपत्तियों पर भी शिकंजा कसा गया. अभियान के दौरान कुल 847 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की गई है.
स्वास्थ्य मंत्री बलवीर सिंह ने कहा कि इस अभियान की सबसे बड़ी सफलता जनता की भागीदारी है. आम लोगों ने 'सेफ पंजाब हेल्पलाइन' पर हजारों सूचनाएं दीं, जिनकी मदद से पुलिस और प्रशासन ने कई बड़े ड्रग नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया. आम नागरिकों के सहयोग से ही छिपे हुए तस्करों और उनके अड्डों तक पहुंचना संभव हो सका.
अभियान में सिर्फ पकड़-पकड़ नहीं, बल्कि नशे की चपेट में आए युवाओं को मुख्यधारा में लाने पर भी पूरा ध्यान दिया जा रहा है. नशा मुक्ति केंद्रों को मजबूत किया गया है. नशे के आदी लोगों का बेहतर इलाज और पुनर्वास की व्यवस्था की जा रही है. साथ ही स्कूलों-कॉलेजों में जाकर नशे के खिलाफ जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं ताकि नई पीढ़ी इस खतरे से बचे.
मंत्री बलवीर सिंह ने कहा कि नशा मुक्ति पंजाब सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है. अभियान को और तेज करने के लिए पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग और सामाजिक संगठनों के बीच बेहतर समन्वय बनाया जा रहा है.
उन्होंने पंजाबवासियों से अपील की कि नशे के खिलाफ यह लड़ाई हर नागरिक की लड़ाई है. कोई भी संदिग्ध गतिविधि देखने पर तुरंत हेल्पलाइन पर सूचना दें. छोटी-छोटी सूचनाएं भी बड़े नेटवर्क को पकड़ने में मददगार साबित हो रही हैं.
500 दिनों के सफर में सरकार ने साबित कर दिया है कि नशे के खिलाफ सख्ती के साथ-साथ जागरूकता और पुनर्वास का मिश्रित दृष्टिकोण ही इस समस्या का स्थायी समाधान हो सकता है. अभियान अब और गति पकड़ रहा है और पंजाब को नशा मुक्त बनाने की दिशा में लगातार काम जारी है.