नई दिल्ली: पंजाब में बिजली की आपूर्ति को लेकर बड़ी राहत की खबर सामने आई है. पावरकॉम के चेयरमैन बसंत गर्ग ने बताया कि प्रदेश के थर्मल प्लांटों में कोयले की कमी अब खत्म हो गई है. इसके साथ ही बिजली उत्पादन की स्थिति भी बेहतर हुई है. लहरा मोहब्बत थर्मल प्लांट की चारों यूनिट चालू हो गई हैं, जबकि रोपड़ की एक यूनिट भी जल्द शुरू होने वाली है. पावरकॉम ने अब सभी श्रेणियों के लिए बिजली कट नहीं लगाने का फैसला किया है.
पावरकॉम चेयरमैन बसंत गर्ग ने बताया कि एनपीएल नाभा थर्मल प्लांट में कोयले के 8 रैक पहुंच चुके हैं. उन्होंने कहा कि रोपड़ थर्मल प्लांट में करीब 29 दिन, जीवीके में 14 दिन और लहरा मोहब्बत में 12 दिन का कोयला स्टॉक मौजूद है. उन्होंने थर्मल प्लांटों में कोयले की कमी से जुड़ी अफवाहों को भी खारिज किया.
बसंत गर्ग के मुताबिक, पावरकॉम की टीम की कोशिशों से लहरा मोहब्बत थर्मल प्लांट की चारों यूनिट अब पूरी तरह काम कर रही हैं. इनमें दो यूनिट 250-250 मेगावाट की हैं, जबकि बाकी दो की क्षमता 210-210 मेगावाट है. चारों यूनिट से बिजली उत्पादन शुरू होने के बाद राज्य की बिजली व्यवस्था को काफी मजबूती मिली है.
पावरकॉम चेयरमैन ने बताया कि रोपड़ थर्मल प्लांट की एक यूनिट भी जल्द चालू होने की उम्मीद है. इसके बाद बिजली उत्पादन में और बढ़ोतरी होगी. मौजूदा स्थिति को देखते हुए पावरकॉम ने पंजाब में इंडस्ट्री, किसानों और आम उपभोक्ताओं समेत सभी कैटेगरी पर बिजली कट नहीं लगाने का फैसला किया है. इससे बिजली की नियमित आपूर्ति बनाए रखने में मदद मिलेगी.
बसंत गर्ग ने कहा कि पिछले दो दशकों में इस सीजन के दौरान सबसे ज्यादा गर्मी पड़ी है. तेज गर्मी और उमस के बीच धान का सीजन भी चल रहा था, जिससे बिजली की मांग पर दबाव रहा. इसके बावजूद पावरकॉम ने आपूर्ति व्यवस्था को संभालने की कोशिश जारी रखी. अब कोयले की उपलब्धता बेहतर होने से स्थिति पहले की तुलना में काफी सामान्य हुई है.
पावरकॉम चेयरमैन ने कहा कि पंजाब में इंडस्ट्री और किसानों समेत सभी श्रेणियों को पूरी बिजली उपलब्ध कराने के लिए विभाग लगातार काम कर रहा है. उन्होंने लोगों से घबराने की जरूरत नहीं होने की बात कही. कोयले का पर्याप्त स्टॉक और थर्मल प्लांटों की बढ़ी हुई उपलब्धता आने वाले दिनों में बिजली आपूर्ति को बेहतर बनाए रखने में मदद करेगी.