पंजाब के फगवाड़ा स्थित Lovely Professional University यानी LPU में सोशल मीडिया पर फैली एक अपुष्ट जानकारी के बाद शुरू हुआ छात्र विरोध अब पुलिस जांच का हिस्सा बन चुका है. 26 और 27 सितंबर की दरमियानी रात से शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन बाद में हिंसा, तोड़फोड़, आगजनी और हाईवे जाम तक पहुंच गया. अब जांच एजेंसियां इस बात का पता लगाने में जुटी हैं कि आखिर वह जानकारी कहां से शुरू हुई और इतनी तेजी से पूरे कैंपस में कैसे फैली.
आपकी दी गई जानकारी के मुताबिक, पुलिस को एक ऐसा मैसेज मिला है जो हिंसा से कई दिन पहले Reddit के जरिए प्रसारित हुआ था. दावा है कि यह मैसेज LPU के एक Girls Hostel से जुड़े छात्रों तक पहुंचा और इसके बाद इसे कैंपस में आगे शेयर किया गया. इस कथित मैसेज में एक छात्रा के साथ हॉस्टल में यौन उत्पीड़न और बाद में उसकी आत्महत्या की बात कही गई थी. हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है. ताजा रिपोर्टों में भी सोशल मीडिया पर चल रही ऐसी जानकारियों को अपुष्ट बताया गया है और पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है.
अब जांच का एक अहम हिस्सा यह पता लगाना है कि कथित मैसेज सबसे पहले किसने तैयार किया और इसे Reddit या दूसरे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर किसने प्रसारित किया. रिपोर्ट के मुताबिक साइबर जांच के जरिए मैसेज से जुड़े डिजिटल सुरागों और IP Address की जानकारी जुटाने की कोशिश की जा रही है. अगर जांच में यह सामने आता है कि किसी ने जानबूझकर गलत जानकारी फैलाकर छात्रों को भड़काया था, तो उसकी भूमिका भी जांच के दायरे में आएगी.
हालांकि फिलहाल इसे साजिश या सुनियोजित षड्यंत्र के तौर पर अंतिम रूप से कहना जल्दबाजी होगी. जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मैसेज किसने फैलाया और इसके पीछे क्या उद्देश्य था.
सोशल मीडिया पर वायरल दावों के बाद LPU कैंपस में छात्रों का विरोध शुरू हुआ. इसके बाद प्रदर्शन ने हिंसक रूप ले लिया. विश्वविद्यालय की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, वाहनों में आग लगाने और पुलिस के साथ टकराव की घटनाएं सामने आईं. प्रदर्शन के दौरान जालंधर फगवाड़ा नेशनल हाईवे भी प्रभावित हुआ. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, विवादित सोशल मीडिया दावों के बाद विरोध प्रदर्शन और हिंसा बढ़ी तथा हाईवे लंबे समय तक बाधित रहा.