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प्रेमानंद महाराज से मिलने पहुंचे कुल्हड़ पिज्जा कपल, आध्यात्मिक गुरु से जन्मदिन पर मिली खास सीख

मशहूर कुल्हड़ पिज्जा कपल एक बार फिर चर्चा का विषय बन गया है. इस बार कोई विवाद नहीं, बल्कि आध्यात्मिक अनुभव की वजह से उनका नाम सुर्खियों में है. कपल के सहज अरोड़ा ने अपने जन्मदिन के मौके पर वृंदावन स्थित श्री हित राधा केलि कुंज पहुंचकर संत प्रेमानंद महाराज के दर्शन किए.

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Edited By: Antima Pal
प्रेमानंद महाराज से मिलने पहुंचे कुल्हड़ पिज्जा कपल, आध्यात्मिक गुरु से जन्मदिन पर मिली खास सीख
Courtesy: X

चंडीगढ़: सोशल मीडिया पर अपनी अनोखी स्टाइल के लिए मशहूर कुल्हड़ पिज्जा कपल एक बार फिर चर्चा का विषय बन गया है. इस बार कोई विवाद नहीं, बल्कि आध्यात्मिक अनुभव की वजह से उनका नाम सुर्खियों में है. कपल के सहज अरोड़ा ने अपने जन्मदिन के मौके पर वृंदावन स्थित श्री हित राधा केलि कुंज पहुंचकर संत प्रेमानंद महाराज के दर्शन किए और उनका आशीर्वाद लिया. 

प्रेमानंद महाराज से मिलने पहुंचे कुल्हड़ पिज्जा कपल

सहज अरोड़ा संगत के बीच बैठे दिख रहे हैं. उन्होंने हाथ जोड़कर महाराज जी से कहा- 'महाराज जी, आज मेरा जन्मदिन है. जिंदगी का एक और साल कम हो गया.' यह सुनकर प्रेमानंद महाराज मुस्कुरा दिए. उन्होंने कहा- 'तुम पहले व्यक्ति हो जो ऐसा बोल रहे हो. आमतौर पर लोग जन्मदिन पर खुशी मनाते हैं और बड़े होने की बात करते हैं.'

आध्यात्मिक गुरु से जन्मदिन पर मिली खास सीख

महाराज जी ने सहज को जन्मदिन मनाने का एक सुंदर और अर्थपूर्ण तरीका बताया. उन्होंने कहा कि जन्मदिन के दिन कम से कम पांच घंटे भगवान का नाम, कीर्तन या गुरुवाणी का पाठ करना चाहिए. साथ ही संतों, भक्तों और गरीब-जरूरतमंद लोगों को भोजन कराना चाहिए. सबसे जरूरी बात यह है कि बीते साल में जो भी गलतियां हुई हों या पाप हुए हों, उन्हें आगे कभी न दोहराने का पक्का संकल्प लेना चाहिए. 

महाराज जी ने जोर देकर कहा कि जन्मदिन सिर्फ केक काटने और पार्टी करने का दिन नहीं है. यह आत्मचिंतन और आध्यात्मिक प्रगति का दिन होना चाहिए. प्रेमानंद महाराज ने आगे कहा कि हमें जीवन में परमात्मा को पूरी तरह शामिल करने की कोशिश करनी चाहिए. ऐसा जन्मदिन मनाना चाहिए जिससे इस दुनिया के साथ-साथ परलोक का भी भला हो. उन्होंने बताया कि जब हम गलतियों को सुधारने का फैसला करते हैं और दूसरों की मदद करते हैं, तभी जन्मदिन सच्चे अर्थ में सफल माना जाता है. सहज अरोड़ा की यह मुलाकात और महाराज जी की बातें लोगों को काफी पसंद आ रही हैं.