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India Daily

पुलिस से अभी तक 6 जून को होने वाले विरोध प्रदर्शन की अनुमति क्यों नहीं ली? कॉकरोच जनता पार्टी ने बताया

बता दें कि संविधान का अनुच्छेद 19 लोगों को शांतिपूर्वक विरोध  प्रदर्शन की अनुमति देता है. हालांकि इसके बावजूद आयोजनकर्ताओं उस पुलिस स्टेशन से अनापत्ति प्रमाण पत्र या अनुमति लेना आवश्यक होता है जिसके अधिकार क्षेत्र में प्रदर्शन किया जाना है.

Sagar
Edited By: Sagar Bhardwaj
पुलिस से अभी तक 6 जून को होने वाले विरोध प्रदर्शन की अनुमति क्यों नहीं ली? कॉकरोच जनता पार्टी ने बताया
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6 जून को दिल्ली के जंतर-मंतर पर होने जा रहे विरोध प्रदर्शन से पहले ही कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) प्रक्रिया संबंधी परेशानी में घिरती नजर आ रही है. सीजेपी ने अभी तक इस विरोध प्रदर्शन को लेकर पुलिस की अनुमति के लिए अर्जी नहीं दी है. बता दें कि सीजेपी के फाउंडर अभिजीत दिपके ने नीट विवाद को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन करने की घोषणा की थी. हालांकि मौजूदा नियमों के मुताबिक, किसी भी सार्वजनिक विरोध प्रदर्शन की अनुमति के लिए आम तौर पर सात दिन पहले अर्जी दाखिल करनी होती है. हालांकि सीजेपी का कहना है कि वह 6 जून को ही विरोध प्रदर्शन की अनुमति लेंगे.

जब उनसे पूछा गया कि अभी तक सीजेपी ने विरोध प्रदर्शन के लिए अर्जी दाखिल क्यों नहीं की है? इस पर सीजेपी के नवनियुक्त प्रवक्ता विजेता दहिया ने कहा कि यह संगठन की रणनीति का हिस्सा है. विजेता ने कहा, 'लोगों की भावनाएं इस विरोध प्रदर्शन को हवा दे रही हैं और वर्तमान में वे अभिजीत दिवके के साथ जुड़े हुए हैं, इसलिए हमने फैसला लिया कि अभिजीत दिपके 6 जून को खुद पुलिस से विरोध प्रदर्शन दी अनुमति लेंगे.' उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी को उम्मीद है कि प्रशासन उन्हें शांतिपूर्वक विरोध प्रदर्शन की  अनुमति दे देगा.

सोशल मीडिया पर छाई सीजेपी

सीजेपी को सोशल मीडिया पर जबरदस्त समर्थन मिल रहा है. इंस्टाग्राम पर पार्टी के 22 मिलियन फॉलोअर्स हो चुके हैं. दिपके ने ऐलान किया है कि वह शनिवार को अमेरिका से वापस लौटेंगे और खुद इस प्रदर्शन का नेतृत्व करेंगे. अपने समर्थकों को एक वीडियो मैसेज देते हुए दिपके ने कहा, 'मुझसे एयरपोर्ट पर मिलें.' 

क्यों जरूरी है पुलिस की अनुमति

बता दें कि संविधान का अनुच्छेद 19 लोगों को शांतिपूर्वक विरोध  प्रदर्शन की अनुमति देता है. हालांकि इसके बावजूद आयोजनकर्ताओं उस पुलिस स्टेशन से अनापत्ति प्रमाण पत्र या अनुमति लेना आवश्यक होता है जिसके अधिकार क्षेत्र में प्रदर्शन किया जाना है. ऐसा इसलिए जरूरी होता है ताकि प्रशासन विरोध प्रदर्शन के संवैधानिक अधिकार और सार्वजनिक व्यवस्था ट्रैफिक प्रबंधन, स्थानीय लोगों के हितों के बीच संतुलन बिठा सके. अगर अनुमति नहीं दी जाती तो प्रशासन को इसका कारण बताना होता है.