पटना: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्यसभा में जाने का फैसला किया है. यही वजह है कि उनके बेटे अब जेडीयू में शामिल हो गए हैं और पार्टी में योगदान देते रहेंगे. इस बीच विपक्षी नेता लगातार नीतीश कुमार के फैसले पर अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं. इसी सिलसिले में समाजवादी पार्टी के सांसद नीरज कुशवाहा मौर्य ने एक बड़ी मांग की है.
SP सांसद नीरज कुशवाहा मौर्य ने कहा, 'नीतीश कुमार के नेतृत्व वाला गठबंधन वहां यानी बिहार में जीता था. जनादेश नीतीश कुमार के नाम पर आया था, इसलिए मुझे लगता है कि नीतीश कुमार वहां एक बड़े नेता के तौर पर उभरे हैं. अब उन्हें राज्यसभा में आने के लिए किस बात ने मजबूर किया, यह उन्हें समझना चाहिए लेकिन मुझे लगता है कि कहीं न कहीं ये क्षेत्रीय पार्टियां इसे खत्म करना चाहती हैं.'
Delhi: On Bihar Chief Minister Nitish Kumar filing his nomination for the Rajya Sabha elections 2026, Samajwadi Party MP Neeraj Kushwaha Maurya says, "...Nitish Kumar is not doing justice to the people of Bihar" (09/03) pic.twitter.com/IDAEFdJywb
— IANS (@ians_india) March 10, 2026
SP नेता ने कहा, 'हो सकता है यह एक स्ट्रैटेजी रही हो और नीतीश कुमार मान गए हों, लेकिन यहां आकर नीतीश कुमार बिहार के लोगों के साथ न्याय नहीं कर रहे हैं क्योंकि बिहार के लोगों ने उन्हें चुना था. वे बिहार को उनके नेतृत्व में देखना चाहते थे. मुझे लगता है कि उन्हें अब अपने फैसले पर फिर से सोचना चाहिए.'
दूसरी तरफ BJP भी विपक्ष पर हमला कर रही है. बिहार के डिप्टी CM विजय कुमार सिन्हा ने कहा, 'जब नीयत साफ होगी तो कोई भी साजिश कामयाब नहीं होगी, डबल इंजन सरकार की पॉलिसी कामयाब होगी, जो लोग पूरी ट्रांसपेरेंसी और ईमानदारी से जनता के हित में काम करेंगे, उनका सम्मान होगा. दबाव की पॉलिटिक्स नहीं चलेगी और हमने साफ शब्दों में कहा है कि RJD-कांग्रेस का कल्चर डर पैदा करने का था, आज का कल्चर काम करने का है, सेवा और सबका साथ, सबका विकास की भावना रखने वालों का ही सम्मान होगा.'
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार रविवार यानी 8 मार्च को औपचारिक रूप से जेडीयू में शामिल हो गए. जिससे बिहार की राजनीति में एक नया अध्याय जुड़ गया है. सादे तरीके से पहुंचे निशांत का पार्टी कार्यकर्ताओं ने नारों और फूलों से स्वागत किया.