T20 World Cup 2026 US Israel Iran War

बिहार का 'किंग' कौन? अमित शाह की सम्राट से मीटिंग के बाद बढ़ी अटकलें; ये नाम रेस में हैं सबसे आगे

बिहार में मुख्यमंत्री पद को लेकर जारी सस्पेंस के बीच गृह मंत्री अमित शाह और सम्राट चौधरी की बागडोगरा में अहम मुलाकात होने वाली है. नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद भाजपा का नया सीएम बनना तय माना जा रहा है.

Social Media
Kanhaiya Kumar Jha

पटना: बिहार की राजनीति में इन दिनों जबरदस्त उथल-पुथल मची हुई है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के फैसले के बाद अब राज्य की कमान किसके हाथ में होगी, इसे लेकर अटकलें तेज हैं. इसी सिलसिले में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी को बातचीत के लिए बुलाया है. रविवार को पश्चिम बंगाल के बागडोगरा एयरपोर्ट पर होने वाली यह मुलाकात राज्य के भविष्य और नई सरकार के गठन की दिशा तय कर सकती है.

पहले यह महत्वपूर्ण चर्चा दिल्ली में होनी थी, लेकिन अमित शाह के व्यस्त चुनावी दौरों के कारण इसे बागडोगरा एयरपोर्ट पर स्थानांतरित कर दिया गया. वहां वीआईपी लाउंज में दोनों नेता बिहार के बदलते सियासी समीकरणों पर गुप्त मंत्रणा करेंगे. इस बैठक को काफी गोपनीय रखा गया है और इसकी अभी कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की गई है. शाह फिलहाल बंगाल में आगामी चुनावों की तैयारियों में जुटे हैं.

नीतीश कुमार का नया रास्ता 

नीतीश कुमार ने राज्यसभा के लिए नामांकन भरकर सक्रिय राज्य राजनीति से हटने के स्पष्ट संकेत दे दिए हैं. उन्होंने अपनी मर्जी से दिल्ली जाने की इच्छा जताई है. नामांकन के वक्त शाह खुद पटना में मौजूद थे, जो गठबंधन की मजबूती को दर्शाता है. 16 मार्च को चुनाव के बाद जैसे ही वे सांसद बनेंगे, वे मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे देंगे. इसके बाद बिहार में नए सिरे से सरकार का गठन होगा.

सम्राट चौधरी की दावेदारी 

नए मुख्यमंत्री की दौड़ में सबसे आगे सम्राट चौधरी का नाम चल रहा है. वर्तमान में वे डिप्टी सीएम होने के साथ-साथ राज्य का सबसे महत्वपूर्ण गृह विभाग भी संभाल रहे हैं. पिछड़ा वर्ग की कुशवाहा जाति से आने वाले सम्राट भाजपा के सशक्त जमीनी नेता माने जाते हैं. शाह के साथ उनकी यह विशेष मुलाकात इस ओर इशारा कर रही है कि भाजपा नेतृत्व उन्हें बड़ी जिम्मेदारी सौंपने का मन बना चुका है.

रेस में अन्य प्रमुख चेहरे 

सम्राट चौधरी के अलावा नित्यानंद राय भी मुख्यमंत्री पद के प्रबल दावेदार बताए जा रहे हैं. राय भाजपा के प्रमुख यादव चेहरे हैं और केंद्र में भी काफी प्रभावी रहे हैं. हालांकि, सियासी गलियारों में चर्चा यह भी है कि भाजपा राजस्थान या मध्य प्रदेश की तर्ज पर किसी बिल्कुल नए चेहरे को सामने लाकर सबको चौंका सकती है. शीर्ष नेतृत्व फिलहाल जातिगत समीकरणों को ध्यान में रखकर फैसला लेना चाहता है.