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क्या है बुची बाबू टूर्नामेंट? जिसमें 15 अगस्त से तबाही मचाने को तैयार हैं सूर्या-किशन जैसे स्टार

What is Buchi Babu Tournament: बुची बाबू टूर्नामेंट भारतीय घरेलू क्रिकेट का सबसे पुराना आधार है. इसमें 12 टीमें हिस्सा लेती हैं. एक मैच 4 दिन का होता है. राउंड में सभी मैच होते हैं, जिनमें बढ़िया प्रदर्शन करने वाली टीमें सेमीफाइनल में एंट्री करती हैं. इसके बाद 2 टीम फाइनल में जाती हैं और खिताब के लिए भिड़ती हैं. जानिए इस टूर्नामेंट का इतिहास क्या है.

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क्या है बुची बाबू टूर्नामेंट? जिसमें 15 अगस्त से तबाही मचाने को तैयार हैं सूर्या-किशन जैसे स्टार
Courtesy: Twitter

What is Buchi Babu Tournament: क्रिकेट फैंस के लिए गुड न्यूज है. 15 अगस्त  से भारत के स्टार खिलाड़ी फिर मैदान में जलवा दिखाने वाले हैं, क्योंकि बुची बाबू टूर्नामेंट का आगाज होने वाला है. इस टूर्नामेंट में 12 टीमें हिस्सा ले रही हैं. टूर्नामेंट के सभी मैच तीन राउंड में पूरे होंगे, इसके बाद सेमीफाइनल और फिर फाइनल खेला जाना है. खिताबी मैच 8 से 11 सितंबर के बीच होगा. इस बार बुची बाबू इसलिए ज्यादा चर्चा में है, क्योंकि टीम इंडिया के टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव, श्रेयस अय्यर और टीम इंडिया से बाहर चल रहे ईशान किशन यहां खेलते दिखेंगे. जानिए इस टूर्नामेंट के बारे में सबकुछ...

क्या है बुची बाबू टूर्नामेंट?

बुची बाबू टूर्नामेंट भारतीय घरेलू क्रिकेट का सबसे पुराना आधार है. इसे घरेलू क्रिकेट की नर्सरी कह सकते हैं. मोथावरपु वेंकट महिपति नायडू के नाम पर इस टूर्नामेंट का नाम पड़ा. उन्हें 'फादर ऑफ मद्रास क्रिकेट' भी कहा जाता है. बताया जाता है कि उन्होंने मद्रास प्रेसीडेंसी से सबसे अच्छे खिलाड़ियों को अंग्रेजो के खिलाफ खेलने के लिए इस टूर्नामेंट की शुरुआत की थी. उन्हें बुची बाबू नायडू के नाम से जाना जाता था, इसलिए उनके निधन के बाद इस टूर्नामेंट का नाम बुची बाबू टूर्नामेंट पड़ गया.



1909 में पहली बार हुआ था आयोजन

बुची बाबू टूर्नामेंट का इतिहास रणजी ट्रॉफी से भी पुराना है. इसका पहली बार 1909 में आयोजन हुआ था, जबकि रणजी का पहला सीजन 1934 में हुआ. ये भारत का सबसे पहला प्रथम श्रेणी टूर्नामेंट था, जिसमें शरुआत में क्लब और छोटी टीमें ही हिस्सा लेती थीं. करीब 50 साल के बाद 1060 के दशक में इसे पहचान मिली. यह ऑल इंडिया इन्विटेशन टूर्नामेंट में बदल गया, जिसमें भारत के कई महान खिलाड़ियों ने जलवा दिखाया, इनमें सुनील गावस्कर, कपिल देव, श्रीकांत कृष्माचारी और मोहम्मद अजहरुद्दीन जैसे बड़े नाम शामिल हैं.

बुची बाबू टूर्नामेंट की 12 टीमें

  1. ग्रुप ए- मध्य प्रदेश, झारखंड, हैदराबाद
  2. ग्रप बी- रेलवे, गुजरात,TNCA
  3. ग्रुप सी- मुंबई हरियाणा, TNCA प्रेसिडेंट-11
  4. ग्रप डी-जम्मू कश्मीर, छत्तीसगढ़, बड़ौदा

इस बार ये भारतीय बिखेरेंगेज जलवा

इस बार टीम इंडिया के कुछ स्टार खिलाड़ी भी इस टूर्नामेंट में जलवा दिखाने  वाले हैं, जिनमें सूर्यकुमार यादव, श्रेयस अय्यर, ईशान किशन का नाम शामिल है. ईशान जहां झारखंड के कप्तान हैं तो वहीं अय्यर और सूर्या इस टूर्नामेंट में मुंबई के लिए खेलेंगे. वो सरफराज खान की कप्तानी में नजर आएंगे.