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India Daily

PM मोदी का बड़ा ऐलान, अब सिर्फ मेडल नहीं... ओलंपिक के ज्यादा खेलों में उतरेगा भारत

PM नरेंद्र मोदी ने खेलो इंडिया डायलॉग में ओलंपिक के ज्यादा खेलों में भारत की भागीदारी बढ़ाने की जरूरत बताई. उन्होंने खेलों को पदकों से आगे राष्ट्र निर्माण, युवा शक्ति और प्रतिभा विकास से जोड़ने पर जोर दिया.

Meenu Singh
Edited By: Meenu Singh
PM मोदी का बड़ा ऐलान, अब सिर्फ मेडल नहीं... ओलंपिक के ज्यादा खेलों में उतरेगा भारत
Courtesy: ANI

भारत ने पहले खेल को लेकर अपना विजन साफ कर दिया है. अब देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय खेलों को लेकर बड़ा विजन सामने रखा है. खेलो इंडिया डायलॉग के दौरान खिलाड़ियों, छात्रों और स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि देश की खेल महत्वाकांक्षा सिर्फ पदक जीतने तक सीमित नहीं रहनी चाहिए. भारत को ओलंपिक में ज्यादा से ज्यादा खेलों में हिस्सा लेने की तैयारी करनी होगी. उनके मुताबिक खेलों की सफलता का असर खिलाड़ी से आगे बढ़कर परिवार, स्कूल, कॉलेज, जिले और पूरे देश की पहचान पर पड़ता है.

ओलंपिक में ज्यादा खेलों पर नजर

पीएम मोदी ने कहा कि भारत अभी ओलंपिक के कई खेलों में हिस्सा ही नहीं लेता. उन्होंने 2012 के लंदन ओलंपिक का उदाहरण देते हुए बताया कि भारत ने तब 13 खेलों में भाग लिया था, जबकि 20 से ज्यादा खेलों में देश की मौजूदगी नहीं थी. प्रधानमंत्री के अनुसार पदक तालिका मजबूत करने के लिए इन खेलों में भी खिलाड़ियों की पहचान और उन्हें तैयार करने पर काम करना जरूरी है.

मेडल्स से आगे खेलों का लक्ष्य

प्रधानमंत्री ने खेलों को विकसित भारत के निर्माण से जोड़ते हुए कहा कि इसका उद्देश्य केवल मेडल जीतना नहीं होना चाहिए. देश की युवा आबादी और खेल प्रतिभा को सही दिशा में लगाना जरूरी है. उन्होंने कहा कि जब कोई खिलाड़ी अच्छा प्रदर्शन करता है तो उसका प्रभाव उसके परिवार और शिक्षण संस्थान तक पहुंचता है. इससे स्थानीय स्तर पर भी गौरव और पहचान मजबूत होती है.

मेजर ध्यानचंद को किया याद

अपने संबोधन में मोदी ने महान हॉकी खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद को भी श्रद्धांजलि दी. उन्होंने भारत और न्यूजीलैंड के बीच पुराने खेल संबंधों का उल्लेख करते हुए बताया कि करीब 100 साल पहले भारतीय सेना की हॉकी टीम न्यूजीलैंड गई थी. उस टीम में ध्यानचंद भी शामिल थे. प्रधानमंत्री ने इस दौरे को दोनों देशों के बीच लंबे खेल संबंधों की शुरुआती कड़ी के तौर पर याद किया.

खेलो इंडिया से प्रतिभा तलाशने पर जोर

सरकार खेलो इंडिया जैसी योजनाओं के जरिए देश में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने पर लगातार जोर दे रही है. पीएम मोदी ने भी ऐसे खिलाड़ियों को तैयार करने की जरूरत बताई, जिन खेलों में भारत की भागीदारी अब तक सीमित रही है. उनका संदेश साफ है कि भारत को कुछ चुनिंदा खेलों तक सीमित रहने के बजाय व्यापक स्तर पर अपनी प्रतिभा आजमानी होगी. इससे अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश की मौजूदगी और मजबूत हो सकती है.