पाकिस्तान ने हॉकी वर्ल्ड कप से अपना नाम लिया वापस, भारत में खेलने से किया इनकार

Junior Hockey World Cup 2025: भारत में अगले महीने होने वाले जूनियर हॉकी वर्ल्ड कप 2025 से पाकिस्तान ने अपना नाम वापस ले लिया है. पाकिस्तान ने भारत में खेलने से इनकार कर दिया है और बड़ी मांग की है.

X
Praveen Kumar Mishra

Junior Hockey World Cup 2025: पाकिस्तान ने भारत में होने वाले जूनियर हॉकी वर्ल्ड कप से अपना नाम वापस ले लिया है. यह टूर्नामेंट 28 नवंबर से 28 दिसंबर 2025 तक चेन्नई और मदुरै में आयोजित होने वाला है. इंटरनेशनल हॉकी फेडरेशन (FIH) ने इसकी पुष्टि की है और बताया कि पाकिस्तान की जगह जल्द ही नई टीम की घोषणा की जाएगी. 

पाकिस्तान का यह फैसला भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव का नतीजा माना जा रहा है. इस साल अप्रैल में पहलगाम में हुए आतंकी हमले और इसके बाद भारत के ऑपरेशन सिंदूर के बाद दोनों देशों के बीच खेल संबंध बिगड़ गए हैं. भारत सरकार ने हाल ही में एक नीति की घोषणा की थी, जिसके तहत वह पाकिस्तान के साथ द्विपक्षीय सीरीज में भाग नहीं लेगी लेकिन मल्टीनेशन टूर्नामेंट में हिस्सा लेना जारी रखेगी. 

पाकिस्तान की जगह कौन सी टीम लेगी हिस्सा?

FIH ने न्यूज एजेंसी पीटीआई के हवाले से अपने बयान में कहा, "पाकिस्तान हॉकी महासंघ ने सूचित किया है कि उनकी जूनियर टीम इस टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं लेगी. हम जल्द ही उनकी जगह लेने वाली टीम की घोषणा करेंगे." पाकिस्तान को ग्रुप बी में भारत, चिली और स्विट्जरलैंड के साथ रखा गया था. अब यह देखना दिलचस्प होगा कि FIH किस टीम को उनकी जगह टूर्नामेंट में शामिल करता है.

हॉकी इंडिया को नहीं थी जानकारी

हॉकी इंडिया के महासचिव भोलानाथ सिंह ने कहा कि उन्हें पाकिस्तान के इस फैसले की कोई जानकारी नहीं थी. उन्होंने बताया, "डेढ़ महीने पहले मैंने पाकिस्तान हॉकी महासंघ के अधिकारियों से बात की थी और उन्होंने अपनी भागीदारी की पुष्टि की थी. इसके बाद क्या हुआ मुझे कोई जानकारी नहीं है. हमारा लक्ष्य है कि एक मेजबान के रूप में हम शानदार टूर्नामेंट आयोजित करें और भारत यह खिताब जीते."

पाकिस्तान ने की न्यूट्रल वेन्यू की मांग

पाकिस्तान हॉकी महासंघ (PHF) के महासचिव राणा मुजाहिद ने कहा कि मौजूदा तनाव के कारण उनकी जूनियर टीम भारत की यात्रा नहीं करेगी. राणा ने कहा, "हमने FIH से कहा है कि अगर टूर्नामेंट भारत में हो रहा है, तो हमें वहां खेलने में दिक्कत है. हम चाहते हैं कि हमारे खिलाड़ियों को बड़े टूर्नामेंट में खेलने का मौका मिले लेकिन भारत में मौजूदा माहौल को देखते हुए यह संभव नहीं है."