'धोनी से बेहतर कौन है....' माही बनेंगे CSK के अगले मुख्य कोच? क्या खतरे में है फ्लेमिंग का भविष्य
ऋतुराज गायकवाड़ की अगुवाई में सीएसके ने 14 मुकाबलों में सिर्फ छह जीत हासिल कीं, जबकि आठ मैच गंवाए. टीम अपने आखिरी तीन लीग मैच भी हार गई, जिसके बाद मुख्य कोच स्टीफन फ्लेमिंग पर सवाल उठने लगे हैं.
नई दिल्ली: एक समय में आईपीएल पर राज करने वाली चेन्नई सुपर किंग्स पिछले कुछ सीजन से लगातार समस्याओं का सामना कर रही है. टीम को पिछले लगातार तीन सीजन से प्लेऑफ से बाहर रही है. सीएसके के लिए ये सीजन सबसे ज्यादा निराशाजनक रहा. ऐसे में टीम के भविष्य, कोचिंग स्टाफ और नेतृत्व को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं. अश्विन ने इशारों-इशारों में संकेत दिया कि आने वाले समय में फैंस चहेते के महेंद्र सिंह धोनी CSK के मुख्य कोच की भूमिका निभा सकते हैं.
इस सीजन में कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ की अगुवाई में सीएसके ने 14 मुकाबलों में सिर्फ छह जीत हासिल कीं, जबकि आठ मैच गंवाए. टीम अपने आखिरी तीन लीग मैच भी हार गई, जिसके बाद मुख्य कोच स्टीफन फ्लेमिंग (Stephen Fleming) पर सवाल उठने लगे हैं. हाल ही में फ्लेमिंग ने भी स्वीकार किया कि किसी भी कोच का मूल्यांकन टीम के प्रदर्शन के आधार पर होता है और उनके भविष्य पर अंतिम फैसला टीम प्रबंधन ही करेगा.
अश्विन के बयान ने बढ़ाई चर्चा
दरअसल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर आर अश्विन ने मजाकिया अंदाज में कहा कि जब महेंद्र सिंह धोनी मौजूद हैं तो किसी और की क्या आवश्यकता है. वह इतने सालों से टीम का अहम हिस्सा रहे हैं. साथ ही वह टीम का चेहरा हैं. उनके इस बयान ने फैंस को सोचने पर मजबूर कर दिया कि क्या भविष्य में धोनी सीएसके के मुख्य कोच बन सकते हैं.
धोनी क्यों हैं सबसे मजबूत विकल्प?
धोनी भले ही अब कप्तान नहीं हैं, लेकिन टीम के सबसे प्रभावशाली चेहरों में उनकी गिनती आज भी होती है. खेल को पढ़ने की उनकी क्षमता, दबाव में शांत रहना और रणनीतिक फैसले लेने की कला उन्हें इस भूमिका के लिए सबसे खास और अलग बनाती है. इसके अलावा, धोनी सीएसके की संस्कृति और टीम के माहौल को अच्छी तरह समझते हैं. खिलाड़ी उन्हें अपना मार्गदर्शक मानते हैं.
लगातार तीसरे साल प्लेऑफ से बाहर हुई CSK
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि चेन्नई सुपर किंग्स लगातार तीसरे साल प्लेऑफ से बाहर हुई. यह आईपीएल इतिहास में पहली बार हुआ है. इससे पहले सीएसके इतने सालों तक कभी भी प्लेऑफ से बाहर नहीं रही है.