श्रीलंका के खिलाफ गॉल टेस्ट में मिली शानदार जीत ने भारत को सीरीज में 1-0 की बढ़त दिला दी, लेकिन विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के मौजूदा चक्र में टीम की चुनौती अभी भी आसान नहीं हुई है. जीत के बाद भारत का अंक प्रतिशत बढ़कर 53.33 जरूर हो गया है, लेकिन फिर भी टीम पांचवें स्थान पर ही है. बांग्लादेश की ऑस्ट्रेलिया पर ऐतिहासिक जीत ने भारत की राह और मुश्किल कर दी है. शुभमन गिल की टीम को अब बाकी मुकाबलों में लगातार बेहतर प्रदर्शन करना होगा. तभी टीम WTC फाइनल में प्रवेश कर सकती है.
गॉल टेस्ट जीतने के बाद भारत का विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के अंक प्रतिशत में इजाफा तो जरूर हुआ है लेकिन पोजिशन में कोई बदलाव नहीं आया है. इस जीत के बाद भारत का PCT 48.15 से बढ़कर 53.33 हो गया. इसके बावजूद टीम तालिका में पांचवें स्थान पर बनी हुई है और श्रीलंका छठे पायदान पर है और उसका अंक प्रतिशत घटकर 33.33 हो गया. भारत की राह इसलिए भी कठिन हुई है क्योंकि चौथे स्थान पर मौजूद बांग्लादेश ने डार्विन में ऑस्ट्रेलिया को हराकर अपनी स्थिति मजबूत कर ली है.
शुभमन गिल की कप्तानी वाली भारतीय टीम अब तक 10 टेस्ट खेल चुकी है, जिनमें उसे चार मुकाबलों में हार मिली है. मौजूदा WTC साइकल में अब टीम के 8 टेस्ट शेष रह गए हैं. टीम को श्रीलंका के खिलाफ अपना दूसरा टेस्ट 23 अगस्त से कोलंबो में खेलना है. इसके बाद भारत न्यूजीलैंड के दौरे पर दो टेस्ट खेलेगा. फिर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांच टेस्ट की घरेलू श्रृंखला से अभियान का अंत होगा. भारत के ये सभी मैच बेहद अहम है.
भारत को फाइनल की मजबूत दावेदारी बनाए रखने के लिए बचे हुए मुकाबलों में लगभग लगातार जीत दर्ज करनी होगी. अगर टीम अपने अगले आठ टेस्ट में सात जीतती है तो अंक प्रतिशत 68.52 तक पहुंच सकता है. छह जीत और दो हार की स्थिति में यह 62.96 रहेगा. ऐसे में टीम को पेनल्टी अंक से भी बचना होगा. मौजूदा समीकरण भारत के लिए हर मैच को बेहद महत्वपूर्ण बनाते हैं.