नई दिल्ली: इंग्लैंड क्रिकेट टीम के कप्तान और दिग्गज आलराउंडर बेन स्टोक्स ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहने का चौंकाने वाला फैसला किया है. न्यूजीलैंड के खिलाफ खेली जा रही टेस्ट सीरीज के तीसरे मुकाबले के बाद स्टोक्स का 15 साल लंबा अंतरराष्ट्रीय करियर समाप्त हो जाएगा. इस घोषणा ने क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया है, क्योंकि स्टोक्स अब भी टीम के सबसे प्रभावशाली खिलाडियों में गिने जाते हैं.
स्टोक्स ने अपने संन्यास की घोषणा ट्रेंट ब्रिज में चल रहे तीसरे टेस्ट के दौरान की. इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड की ओर से जारी बयान में उनके फैसले की पुष्टि की गई. दिलचस्प बात यह रही कि रिटायरमेंट की खबर सार्वजनिक होने के तुरंत बाद स्टोक्स ने गेंदबाजी करते हुए जैक फाल्क्स को आउट कर विकेट हासिल किया. इस पल ने मैदान पर मौजूद दर्शकों को भावुक कर दिया.
बेन स्टोक्स ने इंग्लैंड के लिए कई यादगार जीतों में अहम भूमिका निभाई. अपनी आक्रामक बल्लेबाजी, प्रभावशाली गेंदबाजी और जुझारू कप्तानी के दम पर उन्होंने खुद को आधुनिक दौर के सर्वश्रेष्ठ आलराउंडरों में शामिल किया. उनके नेतृत्व में इंग्लैंड ने कई महत्वपूर्ण मुकाबलों में शानदार प्रदर्शन किया और टीम को नई पहचान मिली.
35 वर्षीय स्टोक्स हाल ही में लंदन के एक नाइट क्लब में हुई घटना के कारण दूसरे टेस्ट मैच में नहीं खेल सके थे. इसके बाद उनकी वापसी को लेकर लगातार चर्चा चल रही थी. हालांकि उन्होंने टीम की कप्तानी संभालते हुए स्पष्ट किया था कि वह फिलहाल इस सप्ताह टीम के साथ रहेंगे. इसके कुछ समय बाद उनके संन्यास का फैसला सामने आया.
चौथे दिन के खेल से पहले स्टोक्स ने ड्रेसिंग रूम में अपने साथियों को फैसले की जानकारी दी. इस दौरान वह भावुक नजर आए. उन्होंने कहा कि उन्होंने हमेशा टीम और देश के लिए मुश्किल चुनौतियों का सामना किया है और अब वह आखिरी बार ऐसा करना चाहते हैं. उन्होंने साथियों से अपील की कि वे टीम के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें.
बेन स्टोक्स का नाम इंग्लैंड क्रिकेट इतिहास के महान खिलाडियों में लिया जाएगा. उनका जुनून, नेतृत्व और मैच जिताने की क्षमता हमेशा याद रखी जाएगी. ट्रेंट ब्रिज टेस्ट उनके अंतरराष्ट्रीय करियर का आखिरी अध्याय होगा, जहां दुनिया भर के क्रिकेट प्रशंसक उन्हें भावुक विदाई देंगे.