IPL 2026 West Bengal Assembly Election 2026

गुलाब जामुन या कोल्ड कॉफी… क्यों आपका शरीर हर मीठे को फैट में कर देता है तब्दील? सर्जन ने बताई वजह

डॉ. अंशुमान कौशल के अनुसार अधिक शुगर सेवन से इंसुलिन बढ़ता है, जिससे शरीर शुगर को फैट में बदल देता है. यह फैट-बर्निंग प्रक्रिया को रोकता है. कम शुगर खाकर इंसुलिन नियंत्रित करना जरूरी है.

social media
Kuldeep Sharma

शुगर सिर्फ मीठा नहीं, बल्कि शरीर के लिए एक रणनीतिक चुनौती है. अधिक शुगर खाने से इंसुलिन बढ़ता है, और शरीर इसे तुरंत फैट में बदल देता है. 

डॉ. अंशुमान कौशल ने बताया कि चाहे गुलाब जामुन हो या कोल्ड कॉफी, अधिक शुगर शरीर के फैट लॉकर में जमा हो जाता है. यही कारण है कि लोग जिम जाने के बावजूद वजन घटाने में संघर्ष करते हैं. सही मात्रा में शुगर का सेवन और इंसुलिन नियंत्रण, फैट-बर्निंग के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं.

शुगर क्यों बदलती है फैट में

डॉ. कौशल ने शरीर की तुलना बैंक अकाउंट से की. पहला अकाउंट है आपका 'करंट अकाउंट', यानी ब्लड ग्लूकोज लेवल, जो केवल 70-100 mg प्रतिशत तक शुगर रखता है. जब शुगर अधिक होती है, तो इंसुलिन इसे 'सेविंग्स अकाउंट' में भेज देता है, जो लीवर और मांसपेशियों में जमा होती है. जब यह सीमा भर जाती है, तब अतिरिक्त शुगर सीधे फैट में बदल जाती है.

शुगर का अधिक सेवन और इंसुलिन का असर

ज्यादा शुगर खाने से HbA1c रिपोर्ट प्रभावित होती है, जो पिछले 2-3 महीनों में औसत ब्लड शुगर दिखाती है. इंसुलिन उच्च होने पर शरीर फैट-बर्निंग मोड में नहीं जाता. हर बार शुगर लेने पर फैट लॉकर भरता जाता है. इसलिए वजन घटाने के प्रयास के बावजूद लोग जल्दी फैट कम नहीं कर पाते.

डाइट में शुगर नियंत्रण जरूरी

डॉ. कौशल कहते हैं कि शुगर सिर्फ कैलोरी नहीं, बल्कि फैट लॉकर के लिए 'डिपॉजिट स्लिप' है. गुलाब जामुन, कोल्ड कॉफी या मिठाई सभी शुगर स्रोत हैं. कम शुगर और नियंत्रित इंसुलिन, शरीर को फैट-बर्निंग मोड में ले जाता है.

वजन घटाने में इंसुलिन की भूमिका

जिम जाने और कसरत करने के बावजूद अगर इंसुलिन उच्च है, तो शरीर फैट नहीं जलाता. इंसुलिन जितना अधिक होगा, फैट-बर्निंग उतनी कम होगी. इसलिए शुगर सेवन घटाना और इंसुलिन को नियंत्रित रखना जरूरी है.

शुगर कम करने के सरल उपाय

डॉ. कौशल ने सुझाव दिया कि शुगर को नियंत्रित करना ही शरीर को फैट-बर्निंग मोड में लाने की कुंजी है. करंट और सेविंग्स अकाउंट को सही बनाए रखें, और फैट लॉकर भरने से रोकें. सरल, वैज्ञानिक और असरदार तरीका यही है.