आईएएस अनु कुमारी का डांस वीडियो इन दिनों लोगों का ध्यान खींच रहा है. यूपीएससी की दूसरी टॉपर अनु कुमारी ने केरल के तिरुवनंतपुरम में ओणम उत्सव के दौरान कर्मचारियों के साथ पारंपरिक डांस किया. जिला कलेक्टर जैसे महत्वपूर्ण पद पर जिम्मेदारी संभालने वाली अनु का यह सहज अंदाज लोगों को खूब पसंद आ रहा है. सोशल मीडिया पर उनका वीडियो तेजी से साझा किया जा रहा है. इससे उनकी सादगी और सांस्कृतिक जुड़ाव भी सामने आया है.
तिरुवनंतपुरम कलेक्ट्रेट में ओणम उत्सव के दौरान पारंपरिक तिरुवाथिरा डांस का आयोजन किया गया. इसी कार्यक्रम में अनु कुमारी भी कर्मचारियों के साथ शामिल हुईं. जिला प्रशासन से जुड़े इस आयोजन की तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने उनके इस अंदाज की सराहना की. आमतौर पर प्रशासनिक जिम्मेदारियों में व्यस्त रहने वाली जिला कलेक्टर का इस तरह उत्सव में शामिल होना चर्चा का विषय बन गया.
हरियाणा के सोनीपत की रहने वाली अनु कुमारी ने पढ़ाई में भी शानदार प्रदर्शन किया. उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के हिंदू महाविद्यालय से भौतिकी में स्नातक किया. इसके बाद उन्होंने आईएमटी नागपुर से व्यवसाय प्रबंधन की पढ़ाई की. पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने निजी क्षेत्र में करीब नौ साल तक काम किया. अच्छी नौकरी होने के बावजूद उनके मन में प्रशासनिक सेवा में जाने की इच्छा बनी रही. आखिरकार उन्होंने नौकरी छोड़कर संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी.
अनु कुमारी की सफलता की कहानी इसलिए भी खास है क्योंकि उनका पहला प्रयास असफल रहा था. प्रारंभिक परीक्षा में वह केवल एक अंक से निर्धारित सीमा से पीछे रह गई थीं. इसके बाद उन्होंने हार मानने के बजाय अपनी तैयारी को और मजबूत किया. उनकी तैयारी का तरीका काफी अनुशासित था. उपलब्ध जानकारी के अनुसार वह प्रतिदिन करीब 10 से 12 घंटे पढ़ाई करती थीं. उन्होंने परीक्षा की तैयारी में स्व अध्ययन को काफी महत्व दिया और ध्यान भटकाने वाली चीजों से दूरी बनाई.
अनु कुमारी के लिए सबसे कठिन फैसला अपने छोटे बेटे से दूर रहना था. परीक्षा की तैयारी के दौरान उन्होंने बेटे को अपनी मां के पास रखा, ताकि वह पूरी तरह पढ़ाई पर ध्यान दे सकें. उनकी कहानी में त्याग और अनुशासन दोनों दिखाई देते हैं. परिवार से दूरी आसान नहीं थी, लेकिन उन्होंने अपने लक्ष्य को प्राथमिकता दी. यही दृढ़ता आगे चलकर उनकी सफलता की बड़ी वजह बनी.
अनु कुमारी ने दूसरे प्रयास में संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा परीक्षा में अखिल भारतीय दूसरी रैंक हासिल की. वह इस परीक्षा में महिलाओं के बीच भी शीर्ष स्थान पर रहीं. उनकी सफलता से यह सीख मिलती है कि एक असफल प्रयास लक्ष्य का अंत नहीं होता. सही रणनीति, लगातार मेहनत और मजबूत इच्छाशक्ति के सहारे दोबारा कोशिश करने वाला व्यक्ति बड़ी सफलता हासिल कर सकता है.
अनु कुमारी की पुरानी सफलता की कहानी पहले ही लाखों अभ्यर्थियों के लिए प्रेरणा बन चुकी है. अब ओणम उत्सव में उनके सहज डांस ने उन्हें एक अलग वजह से चर्चा में ला दिया है. प्रशासनिक जिम्मेदारी के साथ स्थानीय संस्कृति और उत्सव में उनकी भागीदारी लोगों को पसंद आ रही है.