नई दिल्ली: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के चीन पहुंचते ही एक बार फिर इंटरनेट पर चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है. सोशल मीडिया पर लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि चीन के इस दौरे पर दिखने वाला शख्स 'असली पुतिन' है या उनका कोई 'बॉडी डबल'. जैसे ही उनके चीन दौरे के वीडियो और तस्वीरें इंटरनेट पर आईं उनके हमशक्लों को लेकर पुरानी थ्योरीज दोबारा ट्रेंड करने लगीं हैं लोग उनके चेहरे के भावों, चलने के तरीके और हाव-भाव की तुलना पुरानी तस्वीरों से कर रहे हैं और दावा कर रहे हैं कि इस बार कुछ अलग दिख रहा है.
पुतिन द्वारा बॉडी डबल्स का इस्तेमाल किए जाने की अफवाहें कोई नई नहीं हैं. सालों से खासकर बड़े अंतरराष्ट्रीय दौरों के दौरान यह दावा किया जाता रहा है कि रूसी राष्ट्रपति सुरक्षा कारणों से या अपनी बीमारी छुपाने के लिए हमशक्लों का सहारा लेते हैं. साल 2022 में यूक्रेन के मिलिट्री इंटेलिजेंस चीफ मेजर जनरल किरिलो बुडानोव ने दावा किया था कि पुतिन के पास कम से कम तीन बॉडी डबल्स हैं.
उनके मुताबिक इन लोगों को खास ट्रेनिंग दी गई है और पुतिन जैसा दिखने के लिए इनकी बाकायदा प्लास्टिक सर्जरी भी कराई गई है. उन्होंने यह भी कहा था कि लंबाई, बात करने के अंदाज, आवाज और यहां तक कि कानों की बनावट के फर्क से नकली पुतिन को पहचाना जा सकता है.
अब पुतिन के चीन पहुंचने के बाद इसी तरह के दावे सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहे हैं. कुछ यूजर्स का कहना है कि चीन में दिखने वाले पुतिन रूस के हालिया वीडियो के मुकाबले ज्यादा सेहतमंद, फुर्तीले और थोड़े अलग दिख रहे हैं. हालांकि इन दावों का कोई भी आधिकारिक या पुख्ता सबूत नहीं है और ज्यादातर एक्सपर्ट्स इसे सिर्फ एक इंटरनेट कॉन्स्पिरेसी थ्योरी ही मानते हैं.
यहां देखें वीडियो
आज कोई बता रहा है कि नहीं कि ये असली पुतिन हैं या डुप्लीकेट वाले चीन पहुँचे हैं? 😃 pic.twitter.com/DuaNQPjNmF
— Umashankar Singh उमाशंकर सिंह (@umashankarsingh) May 20, 2026
पुतिन की सेहत को लेकर चलने वाली अटकलें भी इन अफवाहों को हवा देती रही हैं. सोशल मीडिया और टेलीग्राम चैनलों पर अक्सर दावा किया जाता है कि वे कैंसर या पार्किंसंस जैसी गंभीर बीमारियों से जूझ रहे हैं लेकिन आज तक इसका कोई मेडिकल प्रमाण सामने नहीं आया है. रूसी सरकार ने हमेशा इन बातों को बकवास और पूरी तरह झूठा बताया है.
खुद पुतिन भी इन दावों को खारिज कर चुके हैं. साल 2023 में एक लाइव टीवी कार्यक्रम के दौरान जब उनसे हमशक्लों के बारे में सीधा सवाल पूछा गया था तो उन्होंने मजाक में कहा था कि केवल वे ही अपनी असली आवाज और अंदाज में बोल सकते हैं. खैर मॉस्को की तरफ से लगातार इनकार किए जाने के बावजूद जब भी पुतिन किसी बड़े वैश्विक मंच या दौरे पर जाते हैं तो उनके बॉडी डबल्स की कहानियां दोबारा जिंदा हो जाती हैं.