अमेरिका ने फिर ईरान पर बोला हमला, होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ा तनाव; जहाज पर हमले के बाद एक्शन

अमेरिका ने सोमवार को ईरान पर फिर से नए हमले किए हैं. अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने कहा कि ये हमले ईरान की उस क्षमता को और कमजोर करने के लिए किए गए हैं, जिससे वह होर्मुज जलडमरूमध्य में सिविल जहाजों और व्यापारिक जहाजों पर हमला कर सके.

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Shilpa Srivastava

नई दिल्ली: अमेरिका ने सोमवार को ईरान पर फिर से नए हमले किए हैं. अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने कहा कि ये हमले ईरान की उस क्षमता को और कमजोर करने के लिए किए गए हैं, जिससे वह होर्मुज जलडमरूमध्य में सिविल जहाजों और व्यापारिक जहाजों पर हमला कर सके. इस हमले से पहले ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य में एक कंटेनर जहाज पर हमला किया था, जिसमें जहाज में आग लग गई और एक क्रू मेंबर लापता हो गया.

CENTCOM ने X पर लिखा कि राष्ट्रपति के निर्देश पर ये हमले किए गए हैं. इसका मकसद ईरानी बलों को जवाबदेह बनाना है, ताकि वे आम लोगों के जहाजों पर बिना रुके हमला न कर सकें.

ईरान में विस्फोट की खबर:

ईरानी मीडिया ने माना कि दक्षिणी शहरों जैसे जास्क, बंदर अब्बास और सिरीक में तीन बड़े विस्फोट सुनाई दिए. हालांकि, उन्होंने कहा कि आम लोगों की इमारतों को नुकसान नहीं पहुंचा और किसी के हताहत होने की खबर नहीं है. सैन्य ठिकानों पर क्या असर हुआ, यह अभी साफ नहीं है.


ईरान ने की हमलों की कड़ी निंदा:

ईरान ने अमेरिकी हमलों की कड़ी निंदा की है. विदेश मंत्रालय ने इसे संयुक्त राष्ट्र चार्टर का उल्लंघन बताया. ईरान ने कहा कि अगर कोई देश अपना इलाका या अड्डा अमेरिका को ईरान पर हमला करने के लिए देगा तो उसे भी ईरान का निशाना बनाया जा सकता है. ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बयानों को झूठ बताया. ट्रंप ने कहा था कि होर्मुज जलडमरूमध्य व्यापार के लिए पूरी तरह खुला है. ईरान ने मस्कट में हुई बातचीत के बारे में ट्रंप के बयान को भी पूरी तरह झूठ करार दिया.

ईरान ने बहरीन, कुवैत, कतर, जॉर्डन और ओमान पर भी हमले किए. ये देश होर्मुज जलडमरूमध्य के पास हैं. ईरान चाहता है कि ये देश शिपिंग ट्रैफिक को नियंत्रित करने में उसके साथ सहयोग करें.