नई दिल्ली: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने बुधवार को ईरान के साथ सभी व्यापार, वाणिज्यिक और वित्तीय लेन-देन रोक दिए हैं. UAE विदेश मंत्रालय की कम्युनिकेशन डायरेक्टर अफरा अल हामेली ने कहा कि क्षेत्रीय तनाव बढ़ने के कारण यह फैसला अगली सूचना तक लागू रहेगा. यह कदम तब उठाया गया जब UAE ने ईरान पर आरोप लगाया कि उसने खाड़ी में उसके इलाके के आसपास बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं.
UAE का कहना है कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने दो बैलिस्टिक मिसाइलों का पता लगाया. एक मिसाइल देश की क्षेत्रीय जल सीमा के बाहर गिरी और दूसरी अंदर. बाद के बयान में UAE ने कहा कि आकलन के अनुसार ये मिसाइलें समुद्री मार्गों को निशाना बना रही थीं और अंत में समुद्र में गिरीं.
ईरान ने इन आरोपों से इनकार किया है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने UAE के दावों को आधारहीन बताया. उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसे आरोप क्षेत्रीय विश्वास और सुरक्षा प्रयासों को नुकसान पहुंचा सकते हैं.
यह विवाद होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर बढ़े तनाव के बीच आया है. यह दुनिया का महत्वपूर्ण शिपिंग रूट है, जहां से UAE के बंदरगाहों से निकलने वाले जहाज गुजरते हैं. ईरान पहले चेतावनी दे चुका है कि अमेरिका के साथ शांति समझौता होने तक यह जलडमरूमध्य बंद रहेगा.
UAE के बयान से ठीक पहले लोगों के फोन पर आपातकालीन अलर्ट आया था. इसमें संभावित मिसाइल खतरे की चेतावनी दी गई और नजदीकी सुरक्षित इमारत में शरण लेने को कहा गया. अलर्ट जल्दी हटा लिया गया. यह जुलाई के बाद UAE में पहला मिसाइल अलर्ट था. जून में एक गलत अलार्म भी बजा था. उससे पहले मई में आखिरी चेतावनी आई थी. हाल के हफ्तों में UAE ने अबू धाबी नेशनल ऑयल कंपनी (ADNOC) के टैंकरों पर बार-बार हमलों की भी शिकायत की है.