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होर्मुज पर ट्रंप का ऐलान! दुनिया को देना होगा US की सुरक्षा का पैसा

ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य तनाव का असर अब दुनिया की एनर्जी सप्लाई और इंटरनेशनल ट्रेड पर भी दिखाई देने लगा है. दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्गों में शामिल स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच बयानबाजी तेज हो गई है.

Shilpa Shrivastava
होर्मुज पर ट्रंप का ऐलान! दुनिया को देना होगा US की सुरक्षा का पैसा
Courtesy: X

नई दिल्ली: ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य तनाव का असर अब दुनिया की एनर्जी सप्लाई और इंटरनेशनल ट्रेड पर भी दिखाई देने लगा है. दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्गों में शामिल स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच बयानबाजी तेज हो गई है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि होर्मुज की सुरक्षा में अमेरिका जो भारी खर्च कर रहा है, उसकी भरपाई उन देशों को करनी चाहिए जो इस समुद्री मार्ग से तेल की सप्लाई का फायदा उठा रहे हैं.

ट्रंप ने सोमवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर कहा कि अमेरिका केवल अपने हितों के लिए नहीं, बल्कि पूरी दुनिया की एनर्जी सिक्योरिटी के लिए काम कर रहा है. उन्होंने दावा किया कि होर्मुज से तेल का प्रवाह अभी भी जारी है और मौजूदा संघर्ष समाप्त होने के बाद दूसरे देशों को अमेरिका के सुरक्षा खर्च का भुगतान करना होगा.

अमेरिका पीढ़ियों से दूसरों के लिए काम कर रहा है- ट्रंप

ट्रंप ने अपने बयान में कहा कि दुनिया के कई देश ऐसे हैं जिन्होंने अमेरिका की किसी तरह मदद नहीं की, लेकिन फिर भी अमेरिका लंबे समय से उनकी ऊर्जा सुरक्षा के लिए जिम्मेदारी निभाता रहा है. उनका कहना है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से तेल की आवाजाही जारी रखने के लिए अमेरिका को बड़ी सैन्य और आर्थिक कीमत चुकानी पड़ रही है. इसलिए संघर्ष खत्म होने के बाद उन देशों को इस खर्च में योगदान देना चाहिए, जिन्हें इस समुद्री मार्ग से फायदा मिलता है.

ट्रंप का यह बयान ईरान के रुख से बिल्कुल अलग है. ईरान का दावा है कि होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों पर उसका नियंत्रण है और सभी जहाजों को तेहरान द्वारा तय किए गए नियमों और रास्तों का पालन करना होगा.

होर्मुज पर हमारा नियंत्रण- ईरान

ट्रंप के बयान के विपरीत ईरान का कहना है कि होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों को उसके तय नियमों और रास्तों का पालन करना होगा. ईरानी अधिकारियों का दावा है कि जलमार्ग में जहाजों की आवाजाही पर उसका नियंत्रण है. अमेरिका ने ईरान के इस दावे को खारिज कर दिया है. वहीं, सुरक्षा कारणों और जहाजों पर हमलों के चलते होर्मुज से कमर्शियल जहाजों की आवाजाही सामान्य समय के मुकाबले कम हुई है. इससे अंतरराष्ट्रीय शिपिंग कंपनियों की चिंता बढ़ गई है.

ईरान-खाड़ी देशों की बैठक टली:

तनाव कम करने की कोशिशों को भी झटका लगा है. ओमान ने ईरान और खाड़ी देशों के बीच होने वाली एक अहम बैठक स्थगित कर दी है. इस बैठक में होर्मुज के संचालन और समुद्री सुरक्षा पर चर्चा होनी थी. ओमान के विदेश मंत्री बद्र अलबुसैदी ने कहा कि आम सहमति बनाने के लिए बैठक को टाला गया है. अभी नई तारीख तय नहीं हुई है. ईरान ने भी कहा कि क्षेत्रीय देशों की अपील के बाद बैठक स्थगित की गई.