तेल अवीव में बुधवार शाम को हुए निजी डिनर से पहले इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक खास सरप्राइज दिया. उन्होंने पारंपरिक भारतीय जैकेट पहनकर पीएम नरेंद्र मोदी का गर्मजोशी से स्वागत किया. हाथ फैलाकर मिलते हुए दोनों नेताओं की तस्वीर और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया. नेतन्याहू ने हिंदी में लिखा कि उन्होंने अपने दोस्त मोदी को सरप्राइज दिया. मोदी ने तारीफ करते हुए कहा, 'बहुत ही शानदार' यह पल दोनों देशों की गहरी दोस्ती और व्यक्तिगत रिश्ते को बखूबी दर्शाता है.
नेतन्याहू ने एक्स पर वीडियो शेयर करते हुए लिखा, 'डिनर से पहले मैंने अपने दोस्त पीएम मोदी को पारंपरिक भारतीय परिधान पहनकर सरप्राइज दिया.' वीडियो में वे मुस्कुराते हुए हाथ फैलाकर मोदी की ओर बढ़ते दिखे. भारतीय जैकेट में उनकी छवि ने लोगों का दिल जीत लिया. दोनों देशों के झंडे लगाकर पोस्ट में उन्होंने रिश्ते की गहराई को और उजागर किया.
हमारे संयुक्त रात्रिभोज से पहले, मैंने अपने मित्र प्रधानमंत्री मोदी को पारंपरिक भारतीय परिधान पहनकर चौंका दिया। 🇮🇱🇮🇳@narendramodi pic.twitter.com/3ElIQeLY97
— Benjamin Netanyahu - בנימין נתניהו (@netanyahu) February 25, 2026Also Read
पीएम मोदी ने तुरंत जवाब देते हुए लिखा, 'बहुत ही शानदार! भारतीय परिधान के प्रति आपका लगाव हमारे देश की समृद्ध संस्कृति और परंपराओं के प्रति सम्मान दर्शाता है.' यह प्रतिक्रिया बेहद गर्मजोशी भरी थी. सोशल मीडिया पर लोगों ने इसे दोनों नेताओं की व्यक्तिगत दोस्ती और आपसी सम्मान का बेहतरीन उदाहरण बताया.
यह घटना भारत और इजरायल के बीच रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत दिखाती है. रक्षा, व्यापार और प्रौद्योगिकी में सहयोग लगातार बढ़ रहा है. मध्य पूर्व में तनाव के बीच मोदी की इस यात्रा का महत्व और बढ़ गया है. नेतन्याहू का यह छोटा-सा लेकिन भावुक कदम दोनों देशों के बीच विश्वास और निकटता का प्रतीक बन गया.
यहां देखें वीडियो
बहुत ही शानदार!
— Narendra Modi (@narendramodi) February 26, 2026
भारतीय परिधान के प्रति आपका ये लगाव हमारे देश की समृद्ध संस्कृति और परंपराओं के प्रति आपके सम्मान को दर्शाता है। @netanyahu https://t.co/YxbNVqwyTi
मोदी की इजरायल यात्रा के पहले दिन नेसेट में संबोधन और भव्य डिनर हुआ. दूसरे दिन वे यद वाशेम होलोकॉस्ट स्मारक जाएंगे और राष्ट्रपति इसहाक हर्जोग के साथ भी मुलाकात करेंगे. नेतन्याहू के साथ महत्वपूर्ण वार्ता होगी. रक्षा और व्यापार पर चर्चा के साथ ही क्षेत्रीय सुरक्षा पर भी फोकस रहेगा. यह यात्रा दोनों देशों के रिश्तों को नई ऊंचाई देगी.