मौत को चकमा देकर कैसे बचे मोजतबा खामेनेई? लीक ऑडियो से खुला 28 फरवरी की खौफनाक रात का राज
एक लीक ऑडियो से खुलासा हुआ है कि ईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई 28 फरवरी को इजरायली मिसाइल हमले में बाल-बाल बच गए थे. इस हमले में उनके पिता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई थी.
नई दिल्ली: ईरान के राजनीतिक गलियारों में मोजतबा खामेनेई की जान बचने की खबर ने सनसनी फैला दी है. द टेलीग्राफ की रिपोर्ट के अनुसार, 28 फरवरी 2026 को इजरायल के 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' के तहत ईरान पर भीषण मिसाइल हमला हुआ था. इस हमले में अयातुल्ला अली खामेनेई सहित कई दिग्गज अधिकारियों की जान चली गई. हालांकि, मोजतबा कुछ ही सेकंड पहले इमारत से बाहर निकले थे, जिससे उनकी जान बच गई. अब उनके स्वास्थ्य और वर्तमान स्थान को लेकर दुनिया भर में कयास लगाए जा रहे हैं.
ईरान की एक गुप्त बैठक से लीक हुई रिकॉर्डिंग ने पूरी घटना की परतें खोल दी हैं. मजाहेर हुसैनी, जो दिवंगत नेता के कार्यालय के प्रोटोकॉल प्रमुख हैं, उन्होंने इस आंतरिक बैठक में बताया कि मोजतबा हमले के समय अपने पिता के बिल्कुल करीब थे. हुसैनी के मुताबिक, मिसाइल गिरने से चंद लम्हे पहले ही मोजतबा किसी काम से आंगन की ओर चले गए थे. यही वह वक्त था जब मौत उनके सर के ऊपर से गुजर गई और वे सुरक्षित रह गए.
ऑपरेशन एपिक फ्यूरी की तबाही
इजरायली सेना ने इस मिशन के लिए 'ब्लू स्पैरो' बैलिस्टिक मिसाइलों का इस्तेमाल किया था. हमले के दौरान मुख्य निवास सहित तीन इमारतों को निशाना बनाया गया. प्रत्यक्षदर्शियों और ऑडियो के अनुसार, मिसाइलों की मार इतनी घातक थी कि सैन्य प्रमुख मोहम्मद शिराजी के शरीर के परखच्चे उड़ गए. वहीं मोजतबा के बहनोई मिस्बाह अल-हुदा बाघेरी कानी का सिर दो हिस्सों में बंट गया. इस हमले में खामेनेई परिवार के कई सदस्यों और वरिष्ठ अधिकारियों ने अपनी जान गंवाई.
मोजतबा की चोटों पर रहस्य
हमले में मोजतबा खामेनेई पूरी तरह सुरक्षित नहीं रहे. बताया जा रहा है कि उनके पैर में मामूली चोट आई थी, लेकिन उनकी पत्नी हद्दाद इस हमले में मारी गईं. हमले के बाद से ही मोजतबा को किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में नहीं देखा गया है. इस लंबी खामोशी ने कई मीडिया रिपोर्टों को जन्म दिया है, जिनमें दावा किया जा रहा है कि उनके पैर को गंभीर नुकसान पहुंचा है. ईरान सरकार ने आधिकारिक तौर पर उनके स्वास्थ्य की स्थिति स्पष्ट नहीं की है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मोजतबा खामेनेई के अस्तित्व पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं. ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि अधिकारी ईरानी नेता की सही स्थिति से अनजान हैं. ट्रंप के अनुसार, ऐसी चर्चाएं हैं कि मोजतबा का चेहरा बुरी तरह झुलस गया है और उन्होंने अपना एक पैर खो दिया है. कुछ लोग तो उनकी मौत की खबरें भी फैला रहे हैं. ट्रंप ने साफ कहा कि हमने उन्हें काफी समय से नहीं देखा है.
अनिश्चितता और भविष्य की आशंका
ईरान के इस नए नेतृत्व को लेकर अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है. ऑडियो लीक होने के बाद यह स्पष्ट है कि संघर्ष ने बहुत ही व्यक्तिगत और हिंसक रूप ले लिया है. यदि मोजतबा वाकई गंभीर रूप से घायल हैं, तो ईरान की आंतरिक राजनीति और इजरायल के साथ चल रहे युद्ध पर इसका गहरा प्रभाव पड़ सकता है. फिलहाल, पूरी दुनिया इस बात का इंतजार कर रही है कि मोजतबा खुद सामने आकर इन तमाम अटकलों पर विराम लगाएं.
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