'हमला हुआ तो देंगे करारा जवाब', अमेरिकी नौसेना का विमान पहुंचा ईरान के करीब, तो विदेश मंत्री ने दी कड़ी चेतावनी
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद ईरान की स्थिति पर आपात बैठक करने जा रही है. यूरोप समेत कई देशों में ईरानी नागरिकों ने विरोध प्रदर्शन किए हैं.
ईरान के कई शहरों और कस्बों में पिछले कुछ हफ्तों से चल रहे विरोध प्रदर्शनों पर अब कड़ी सुरक्षा और सख्त कार्रवाई के बाद काफी हद तक काबू पा लिया गया है. चश्मदीदों और मानवाधिकार संगठनों के मुताबिक, सुरक्षा बलों की भारी मौजूदगी के कारण प्रदर्शन फिलहाल शांत हो गए हैं, लेकिन देश के अंदर और बाहर तनाव अब भी बना हुआ है.
आर्थिक संकट से शुरू हुआ विरोध
ईरान में यह विरोध प्रदर्शन गहराते आर्थिक संकट और तेजी से गिरती मुद्रा के कारण शुरू हुए थे. महंगाई, बेरोजगारी और रोजमर्रा की मुश्किलों से परेशान लोग सड़कों पर उतरे. धीरे-धीरे यह आंदोलन सरकार और धार्मिक नेतृत्व के खिलाफ बड़े विरोध में बदल गया.
सख्त कार्रवाई और जानमाल का नुकसान
मानवाधिकार संगठनों का दावा है कि सुरक्षा बलों की कार्रवाई में हजारों लोगों की मौत हो चुकी है. एक्टिविस्ट्स के मुताबिक अब तक करीब 3,000 से ज्यादा लोग मारे गए हैं, जबकि कुछ संगठनों का कहना है कि यह आंकड़ा 3,400 से भी ऊपर हो सकता है. इंटरनेट और संचार सेवाएं बंद होने के कारण सही संख्या की पुष्टि मुश्किल है. इसके अलावा लगभग 25,000 लोगों को गिरफ्तार किए जाने का अनुमान है.
राजधानी में दिखी सामान्य स्थिति
हालांकि हिंसा के बावजूद तेहरान समेत कुछ इलाकों में हालात धीरे-धीरे सामान्य होते नजर आ रहे हैं. बीते कुछ दिनों में राजधानी में बड़े प्रदर्शन की खबर नहीं है लेकिन मानवाधिकार संगठनों ने चेतावनी दी है कि दमन का असली पैमाना सामने आने में अभी वक्त लग सकता है.
सार्वजनिक हस्तियों पर भी कार्रवाई
ईरानी सरकार ने प्रदर्शन समर्थकों पर शिकंजा कसते हुए कलाकारों, खिलाड़ियों और कारोबारियों को भी निशाने पर लिया है. कई कैफे बंद कर दिए गए हैं और मशहूर लोगों के खिलाफ केस दर्ज किए गए हैं. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों से आत्मसमर्पण करने की अपील भी की है.
अमेरिका को कड़ी चेतावनी
इस बीच ईरान के विदेश मंत्री ने अमेरिका को सख्त चेतावनी दी है. उन्होंने कहा है कि अगर ईरान पर हमला हुआ तो देश “पूरी ताकत से जवाब” देगा. यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिकी नौसेना का विमानवाहक पोत क्षेत्र की ओर बढ़ रहा है, जिससे क्षेत्रीय तनाव और बढ़ गया है.
अंतरराष्ट्रीय चिंता बढ़ी
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद ईरान की स्थिति पर आपात बैठक करने जा रही है. यूरोप समेत कई देशों में ईरानी नागरिकों ने विरोध प्रदर्शन किए हैं. भले ही ईरान के अंदर फिलहाल शांति दिख रही हो, लेकिन हालात अब भी बेहद संवेदनशील बने हुए हैं.