IPL 2026 West Bengal Assembly Election 2026 Assembly Election 2026 US Israel Iran War Tamil Nadu Assembly Election 2026

'Exit Polls, अर्थव्यवस्था, सुरक्षा और मोदी मैजिक,' ग्लोबल टाइम्स पर कैसे चला पीएम का जादू?

चीन के आधिकारिक अखबार ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है कि नरेंद्र मोदी, भारत में हुए लोकसभा चुनावों में एक बार फिर प्रधानमंत्री बनने वाले हैं. ग्लोबल टाइम्स ने उनके चुने जाने की वजहें भी बताई है. पढ़ें क्या कह रहा है चीन का सरकारी अखबार.

Social Media
India Daily Live

चीन में शी जिनपिंग सरकार के मुखपत्र कहे जाने वाले ग्लोबल टाइम्स ने भी दावा कि भारत में नरेंद्र मोदी की सरकार बनने जा रही है. नरेंद्र मोदी लगातार तीसरी बार सत्ता में आने वाले हैं. चीन के विशेषज्ञों ने दावा किया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की घरेलू और विदेशी नीतियों की वजह से वे बेहद लोकप्रिय हैं और देश में स्थिरता बनाने में कामयाब रहे हैं.

ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है कि नरेंद्र मोदी देश की आर्थिक गतिविधि को बढ़ावा देंगे, जिसकी वजह से चीन के साथ वे व्यापार बढ़ा रहे हैं. भारत और चीन के बीच व्यापारिक और रणनीतिक साझेदारी बढ़ने के आसार हैं. दोनों देश, स्थाई विकास के लिए बातचीत करेंगे और अपने बिगड़े रिश्तों को सही दिशा देंगे.

19 अप्रैल को लोकसभा चुनावों की शुरुआत हुई और 1 जून को आखिरी चरण का चुनाव हुआ. भारतीय जनता पार्टी इस चुनाव में बड़ी जीत हासिल करने वाले ही. नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस (NDA) 12 अलग-अलग एग्जिट पोल में प्रचंड बहुमत से सरकार बना रही है. 

ग्लोबल टाइम्स ने लिखा कि नरेंद्र मोदी सत्ता में आने वाले हैं. 4 जून को इस बात पर मुहर लग जाएगी कि 73 साल के नरेंद्र मोदी, तीसरी बार प्रधानमंत्री बनेंगे. जवाहर लाल नेहरू के बाद लगातार इतने वक्त तक प्रधानमंत्री रहने वाले वे दूसरे नेता होंगे. 

ग्लोबल टाइम्स से बातचीत में सिंघुआ यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर कियान फेंग ने कहा कि नरेद्र मोदी की घरेलू और विदेशी नीतियां देश के लिए महत्वपूर्ण हैं और वे अपनी नीतियों में बदलाव नहीं करने वाले हैं. नरेंद्र मोदी देश को तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनाने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगाएंगे. अमेरिका और चीन के बाद वे तीसरी सबसे बड़ी इकॉनमी देश को बनाना चाहते हैं.

नरेंद्र मोदी तारीफ में ग्लोबल टाइम्स ने पढ़े कसीदे 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ग्लोबल टाइम्स ने जमकर तारीफ की. ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है कि उनके राज्य में भारत का वैश्विक प्रभाव बढ़ा है, वे भारत को लगातार बड़ी शक्ति बनाने के लिए काम कर रहे हैं. अगर वे प्रधानमंत्री रहते हैं तो चीन के साथ टकराव कम होगा.

फूडन विश्वविद्यालय में दक्षिण एशियाई अध्ययन केंद्र के सब डायरेक्टर लिन मिनवांग ने रविवार को ग्लोबल टाइम्स को बताया, 'चीन और जापान और ऑस्ट्रेलिया जैसे अमेरिकी सहयोगियों सहित कई देशों के बीच संबंध अब सुधर रहे हैं. भारत अब सवाल उठाएगा कि चीन के साथ संबंध क्यों नहीं सुधरे.

और ग्लोबल टाइम्स ने क्या लिखा?

अप्रैल में अमेरिकी पत्रिका न्यूजवीक के साथ एक एक इंटरव्यू में नरेंद्र मोदी ने कहा था कि भारत के लिए, चीन के साथ संबंध महत्वपूर्ण और जरूरी हैं. चीन के साथ विवाद पर तत्काल ध्यान देने की जरूरत है, जिससे द्विपक्षीय संबंध बेहतर हों. पीएम मोदी ने यह भी कहा था कि भारत और चीन के बीच स्थिर और शांतिपूर्ण संबंध न केवल दोनों देशों के लिए बल्कि पूरे क्षेत्र और दुनिया के लिए महत्वपूर्ण हैं.