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India Daily

Cambodia Thailand Ceasefire: कंबोडिया ने की थाईलैंड के साथ तत्काल युद्धविराम की मांग: UN

Cambodia Calls For Immediate Ceasefire: कंबोडिया और थाईलैंड के बीच तनाव बढ़ गया है क्योंकि दोनों देशों ने लगातार दूसरे दिन अपनी सीमा के पास घातक हमले किए.  

Shilpa Shrivastava
Cambodia Thailand Ceasefire: कंबोडिया ने की थाईलैंड के साथ तत्काल युद्धविराम की मांग: UN

Cambodia Calls For Immediate Ceasefire: कंबोडिया और थाईलैंड के बीच तनाव बढ़ गया है क्योंकि दोनों देशों ने लगातार दूसरे दिन अपनी सीमा के पास घातक हमले किए. शुक्रवार को, कंबोडिया ने संयुक्त राष्ट्र (यूएन) से तुरंत और बिना शर्त युद्धविराम की मांग की. इसका सीधा मतयह है कि वो बिना किसी शर्त के लड़ाई तुरंत बंद करना चाहता है. 

वहीं, थाईलैंड ने यह भी कहा है कि वह शांति वार्ता के लिए तैयार है जिसमें संभावित तौर पर मलेशिया मदद कर रहा है. इस संघर्ष का कारण दोनों देशों के बीच लंबे समय से चल रहा सीमा विवाद है. कंबोडिया और थाईलैंड दोनों ही अपनी 800 किलोमीटर लंबी साझा सीमा पर कुछ क्षेत्रों को लेकर स्वामित्व का दावा करते हैं. इब यह विवाद हिंसक हो गया है, जिसमें जेट, टैंक, तोपखाने (भारी बंदूकें) और सैनिक शामिल हैं.

संयुक्त राष्ट्र ने की थी आपात बैठक:

संयुक्त राष्ट्र ने स्थिति पर चर्चा के लिए शुक्रवार को एक आपात बैठक की. संयुक्त राष्ट्र में कंबोडिया के प्रतिनिधि, चिया केओ ने कहा कि वो चाहते हैं कि इस मुद्दे का शांतिपूर्ण समाधान हो. शुक्रवार सुबह, तीन जगहों पर लड़ाई फिर से शुरू हो गई. थाई सेना के अनुसार, कंबोडियाई सेना ने रॉकेट और भारी हथियारों का इस्तेमाल किया. 

युद्ध से लोगों का जीवन प्रभावित:

कंबोडिया के ओड्डार मींचे प्रांत में हुए हमलों में एक 70 वर्षीय व्यक्ति की मौत हो गई और पाँं अन्य घायल हो गए. इस स्थिति ने हजारों लोगों को प्रभावित किया है. थाईलैंड ने 1,38,000 से ज्यादा लोगों को खतरे वाले क्षेत्र से बाहर निकाल लिया है. वहीं, 35,000 कंबोडियाई लोगों को अपने घर छोड़ने पड़े हैं.

थाईलैंड के विदेश मंत्रालय ने कहा कि शुक्रवार दोपहर तक हालात थोड़े शांत हो गए थे. वो बातचीत के जरिए इस मुद्दे को सुलझाने को तैयार हैं, लेकिन कंबोडिया ने अभी तक आधिकारिक तौर पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है.

थाईलैंड के कार्यवाहक प्रधानमंत्री ने चेतावनी दी है कि अगर हालात और बिगड़े, तो यह लड़ाई एक पूर्ण युद्ध में बदल सकती है. हालांकि, फिलहाल, उनका कहना है कि संघर्ष अभी भी सीमित है.