नई दिल्ली: बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की स्थिति दिन-प्रतिदिन और भी ज्यादा खराब होती जा रही है. ब्राह्मणबारिया जिले में स्थित श्री पागल शंकर इस्कॉन मंदिर में सोमवार तड़के हुई चोरी की घटना से पूरे इलाके में डर का माहौल है. इस घटना में चोरों ने मंदिर परिसर से 14 मूर्तियां, दो दान पेटियां, नकदी और सोने-चांदी के आभूषण ले गए.
मंदिर प्रशासन से मिली जानकारी के मुताबिक चोरों ने पूजा-पाठ में इस्तेमाल होने वाली कीमती सामानों को भी नहीं छोड़ा है. इस घटना से हिंदू समुदाय में ना केवल भय बल्कि असुरक्षा की भावना गहरा गई है. लोगों को वहां रहने में भी डर लग रहा हैं.
बांग्लादेशी न्यूज पेपर प्रोथोम आलो में दी गई जानकारी के मुताबिक यह चोरी नासिरनगर उपज़िला स्थित इस्कॉन मंदिर में सोमवार सुबह करीब 2 से 3 बजे के बीच हुई. चोरों ने इस घटना को अंजाम देने के लिए सबसे पहले परिसर में लगाए गए पांच कैमरों के ताले तोड़े. इसके बाद काफी चालाकी से पूरे वारदात को अंजाम दिया. यह पूरा मामला लोगों के सामने तब आया जब सुबह 4 बजे पुजारी मंदिर में मंगल आरती के लिए पहुंचे. दरवाजे पर पहुंचते ही उन्होंने टूटे ताले देखें, जिससे उन्हें यह समझ आ गया कि मंदिर में कोई बड़ी घटना घटी है.
मंदिर प्रशासन ने इस पूरे मामले के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि 14 मूर्तियां चोरी की गई है. जिसमें 6 पीतल के थे और 8 पत्थर की मूर्तियां थी. इसके साथ एक चांदी का जूता, बांके बिहारी की बांसुरी, पीतल के पूजा बर्तन, एक पीतल की चौकी और दो दान पेटियां भी चोरी कर ली गई. इतना ही नहीं 20 हजार टका नकद और भगवान के सोना-चांदी के आभूषण भी गायब हो गए. मंदिर के पुजारी ने इस पूरे मामले पर दुख जताते हुए कहा कि हमारा क्या अपराध है? हमें ऐसी यातनाएं क्यों दी जा रही है.
पुलिस ने इस मामले को दर्ज करते हुए बताया कि शुरुआती जानकारी के मुताबिक चोर का मुख्य निशाना दान पेटियां थी. हालांकि एक सीसीटीवी में कुछ घटना कैद हुए हैं, जिसकी मदद से जांच की जा रही है. हालांकि बांग्लादेश में इस तरह की पहली घटना नहीं है, लगातार ऐसी कई घटनाएं सामने आ चुकी है.