'UPSC से सीखिए...', NEET पेपर लीक मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से मांगा नया हलफनामा
नीट यूजी पेपर लीक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को केंद्र सरकार से राधाकृष्णन समिति की सिफारिशों पर उठाए गए कदमों की जानकारी मांगी. अदालत ने कहा कि एनटीए को यूपीएससी की तरह भरोसेमंद परीक्षा व्यवस्था तैयार करनी होगी.
नीट यूजी पेपर लीक मामले में बुधवार, 19 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में अहम सुनवाई हुई. सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने परीक्षा के प्रश्न पत्र तैयार करने से लेकर छात्रों तक पहुंचाने की प्रक्रिया में अपनाई जाने वाली सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि नीट परीक्षा के लिए तैयार की गई व्यवस्था पूरी तरह सुरक्षित है और इसमें किसी तरह की सेंध लगाना आसान नहीं है.
तुषार मेहता ने अदालत को बताया कि नीट के प्रश्न पत्र ले जाने वाली गाड़ियों में जीपीएस लगाया जाता है. गाड़ियों की छोटी से छोटी गतिविधि भी दर्ज होती है, जिससे उनकी निगरानी की जा सके. उन्होंने यह भी बताया कि प्रश्न बैंक तैयार करने के लिए कई विशेषज्ञों और मॉडरेटरों की मदद ली जाती है. इन लोगों को यह जानकारी नहीं होती कि प्रश्न बैंक में से कौन से सवाल अंतिम प्रश्न पत्र में शामिल किए जाएंगे.
कोर्ट ने यूपीएससी का उदाहरण दिया
सरकार की ओर से इन व्यवस्थाओं को परीक्षा प्रणाली की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम बताया गया. सुप्रीम कोर्ट ने सरकार की दलीलों पर कहा कि राधाकृष्णन समिति पहले ही परीक्षा व्यवस्था से जुड़ी कई संस्थागत समस्याओं की समीक्षा कर चुकी है. अदालत ने साफ किया कि केवल मौजूदा सुरक्षा व्यवस्था बताना पर्याप्त नहीं है, बल्कि ऐसे उपाय जरूरी हैं जिनका असर लंबे समय तक दिखाई दे.
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अदालत ने यूपीएससी का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां परीक्षाएं अपेक्षाकृत व्यवस्थित तरीके से आयोजित हो रही हैं. एनटीए को भी इसी तरह मजबूत व्यवस्था विकसित करनी होगी. कोर्ट ने बदलती तकनीक को समझने वाले विशेषज्ञ अधिकारियों की नियुक्ति पर भी जोर दिया.
केंद्र को नया हलफनामा दाखिल करने का आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को नया हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया है. अदालत ने पूछा कि राधाकृष्णन समिति की सिफारिशों को लागू करने और एनटीए में संस्थागत सुधार के लिए अब तक क्या कदम उठाए गए हैं. मामले की अगली सुनवाई तीन सप्ताह बाद होगी.
नीट पेपर लीक मामले के बाद परीक्षा व्यवस्था और एनटीए में सुधार को लेकर सुप्रीम कोर्ट में कई याचिकाएं दाखिल की गई हैं. पिछली सुनवाई में केंद्र ने बताया था कि भविष्य में नीट को कंप्यूटर आधारित परीक्षा बनाने और जेईई की तर्ज पर इसे दो चरणों में आयोजित करने के विकल्प पर विचार किया जा रहा है. सरकार ने परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार की बात भी कही थी. अब अदालत ने इन प्रस्तावों और समिति की सिफारिशों पर उठाए गए कदमों की विस्तृत जानकारी मांगी है.