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India Daily

बांग्लादेश में पाकिस्तानी अधिकारी से एस. जयशंकर की मुलाकात, मुहम्मद यूनुस के फोटो शेयर करने पर पाक मचाने लगा बवाल!

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के अंतिम संस्कार में भारत की ओर से विदेश मंत्री एस जयशंकर पहुंचे. जहां उन्होंने पाकिस्तान के नेशनल असेंबली स्पीकर सरदार अयाज सादिक से औपचारिक मुलाकात की.

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Edited By: Shanu Sharma
बांग्लादेश में पाकिस्तानी अधिकारी से एस. जयशंकर की मुलाकात, मुहम्मद यूनुस के फोटो शेयर करने पर पाक मचाने लगा बवाल!
Courtesy: X (@ChiefAdviserGoB)

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए भारत की ओर से विदेश मंत्री एस. जयशंकर पहुंचा. जहां उन्होंने पाकिस्तान के नेशनल असेंबली स्पीकर सरदार अयाज सादिक से संक्षिप्त मुलाकात भी की.

जिससे दोनों देशों के रिश्तों को लेकर चर्चा शुरू हो गई. दोनों देशों के अधिकारियों के बीच यह मुलाकात पहलगाम हमले के बाद भारत की ओर से शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर के बाद हुआ है.  

कई देशों के प्रतिनिधियों ने लिया हिस्सा

खालिदा जिया के अंतिम संस्कार में दक्षिण एशिया के कई देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए. इसी दौरान ढाका के संसद भवन में शोक संदेश दर्ज करने के समय जयशंकर और अयाज सादिक की नजरें मिलीं. बांग्लादेश के अंतरिम सरकार प्रमुख मुहम्मद यूनुस ने सोशल मीडिया पर दोनों की हाथ मिलाते और अभिवादन करते तस्वीरें साझा कीं, जिसमें उन्होंने इसे साधारण शुभकामनाओं का आदान-प्रदान बताया. यह घटना अंतरराष्ट्रीय समारोहों में आम शिष्टाचार का हिस्सा मानी जा रही है, जहां विभिन्न देशों के नेता एक मंच पर मौजूद होते हैं. 

भारतीय अधिकारियों ने क्या कहा?

भारतीय अधिकारियों के अनुसार, जयशंकर ने अन्य प्रतिनिधियों से भी इसी तरह अभिवादन किया. पाकिस्तान की नेशनल असेंबली सचिवालय ने इस मुलाकात को प्रमुखता दी. उनके बयान में कहा गया कि यह मई 2025 के बाद दोनों देशों के बीच पहली उच्चस्तरीय संपर्क है. पाकिस्तान ने इसे बातचीत की संभावना से जोड़ते हुए कहा कि वह हमेशा संवाद और सहयोग के लिए तैयार है. बयान में पहलगाम हमले की संयुक्त जांच और शांति वार्ता का भी जिक्र किया गया, जिसे पाकिस्तान लगातार प्रस्तावित करता रहा है. पाकिस्तानी मीडिया और अधिकारियों ने इस संक्षिप्त हाथ मिलाने को सकारात्मक संकेत के रूप में प्रचारित किया, हालांकि कोई औपचारिक चर्चा नहीं हुई.

भारतीय विदेश मंत्रालय के सूत्रों ने साफ किया कि यह मात्र शिष्टाचारपूर्ण अभिवादन था और इसमें कोई राजनीतिक अर्थ नहीं निकाला जाना चाहिए. भारत की नीति में कोई बदलाव नहीं आया है. भारत ने जोर दिया कि ऐसे अवसरों पर शोक की गरिमा बनाए रखना जरूरी है. खालिदा जिया के निधन पर शोक जताते हुए जयशंकर ने उनके बेटे तारिक रहमान को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संवेदना पत्र भी सौंपा.