नई दिल्ली: कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में हल्द्वानी की एक घटना का जिक्र करते हुए बीजेपी और आरएसएस पर निशाना साधा. उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि रामलीला मैदान में उनके भाषण वाली जगह पर ‘शुद्धिकरण’ किया गया. राहुल ने कहा कि इस मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को हस्तक्षेप करना चाहिए और FIR दर्ज करने के आदेश देने चाहिए.
राहुल गांधी ने कहा कि यह घटना केवल एक नेता से जुड़ा मामला नहीं है, बल्कि समाज में मौजूद भेदभाव की ओर भी इशारा करती है. उन्होंने सवाल उठाया कि अगर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ ऐसी घटना हो सकती है तो आम लोगों के साथ क्या होता होगा. राहुल ने प्रधानमंत्री से इस मामले में जल्द कार्रवाई की मांग करते हुए इसे गंभीर विषय बताया.
राहुल गांधी ने कथित शुद्धिकरण की रस्म को छुआछूत से जोड़ते हुए कहा कि दोनों का संबंध एक ही सोच से है. उनके मुताबिक संविधान में छुआछूत को गैरकानूनी घोषित किया गया है. उन्होंने आरोप लगाया कि इस तरह की रस्म के जरिए किसी दलित व्यक्ति को अशुद्ध मानने का संदेश जाता है. राहुल ने इसे संविधान की भावना के खिलाफ बताते हुए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की.
#WATCH | Delhi: Lok Sabha LoP Rahul Gandhi says, "...Our CLP leader in Rajasthan visits a temple, and BJP leaders perform a 'purification' ritual. Congress President Kharge ji, who has dedicated his entire life to the country and the Constitution, goes to the Ramlila Ground in… pic.twitter.com/2EN4llPGiK
— ANI (@ANI) August 29, 2026Also Read
कांग्रेस नेता ने दावा किया कि दलितों के साथ भेदभाव केवल गांवों तक सीमित नहीं है, बल्कि शहरों में भी ऐसी घटनाएं होती हैं. उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि कई जगह दलितों को कुएं से पानी लेने से रोका जाता है. इसके अलावा चाय की दुकानों पर अलग अलग कप दिए जाने जैसी घटनाओं का भी उन्होंने जिक्र किया. राहुल के मुताबिक ऐसी घटनाएं सामाजिक बराबरी के दावे पर सवाल खड़े करती हैं.
राहुल गांधी ने अपने बयान में राजस्थान और उत्तराखंड का भी उल्लेख किया. उन्होंने दावा किया कि राजस्थान में कांग्रेस विधायक दल के नेता के मंदिर जाने के बाद मंदिर का शुद्धिकरण किया गया था. हल्द्वानी की घटना को इसी तरह की सोच से जोड़ते हुए उन्होंने कहा कि किसी व्यक्ति के मंदिर जाने के बाद शुद्धिकरण किया जाना उसे अछूत या अशुद्ध मानने की मानसिकता को दर्शाता है.
राहुल गांधी ने कहा कि संविधान ने छुआछूत को गैरकानूनी घोषित किया है, लेकिन इसके बावजूद देश के अलग अलग हिस्सों में भेदभाव की शिकायतें सामने आती रहती हैं. उन्होंने स्कूलों का उदाहरण देते हुए दावा किया कि कुछ जगह दलित बच्चों से शौचालय साफ कराने और झाड़ू पोछा कराने जैसी घटनाएं होती हैं. राहुल ने इन घटनाओं को सामाजिक असमानता से जोड़ते हुए व्यवस्था पर सवाल उठाया.
राहुल गांधी ने हल्द्वानी के रामलीला मैदान की घटना को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सीधे हस्तक्षेप की मांग की. उन्होंने कहा कि कथित शुद्धिकरण करने वालों के खिलाफ FIR के आदेश दिए जाने चाहिए. राहुल ने बीजेपी और आरएसएस पर निशाना साधते हुए कहा कि जब किसी व्यक्ति के मंदिर जाने के बाद शुद्धिकरण किया जाता है तो इसका अर्थ उसे अछूत या अशुद्ध मानना है. उन्होंने इसे असंवैधानिक बताते हुए कार्रवाई की मांग दोहराई.